प्रौद्योगिकी कंपनी फेसबुक इंक ने शुक्रवार को दिल्ली हाईकोर्ट को बताया कि व्हाट्सएप गोपनीयता नीति के मामले में जांच करते समय शुरुआती नजर में भी ऐसा कुछ नहीं मिला कि भारतीय प्रतिस्पर्धा आयोग (CII) इस मामले की जांच शुरू करे। पीठ ने मामले की अगली सुनवाई 25 जुलाई तय कर दी है।
अब मेटा प्लेटफॉर्म्स बन चुकी फेसबुक ने मुख्य न्यायाधीश सतीश चंद्र शर्मा और जस्टिस सुब्रमण्यम की पीठ के समक्ष कहा कि सीआईआई धीरे-धीरे इसकी जांच नहीं कर सकता।
फेसबुक का पक्ष रख रहे मुकुल रोहतगी ने कहा कि सिर्फ इसलिए कि फेसबुक व्टाट्सएप का औपचारिक मालिक है और कहा जाता है कि मैसेजिंग कंपनी अपना डाटा अपनी मूल कंपनी से साझा करती है, इसका यह मतलब नहीं कि यह जांच करने के लिए जरूरी है। उन्होंने कहा कि व्हाट्सएप जिस आधार पर मुझसे कुछ साझा करेगा, वह मेरे खिलाफ जांच शुरू करने का कोई आधार नहीं हो सकता।