दिल्ली-एनसीआर में मंगलवार शाम पांच बजे चुनाव प्रचार का शोर थम जाएगा।
चुनाव आयोग के नियमानुसार मतदान प्रक्रिया से 48 घंटे पहले प्रचार रोक दिया जाता है। जिला रिटर्निंग अधिकारी के अनुसार समय समाप्त होने के बाद अगर कोई प्रत्याशी प्रचार करते हुए पाया जाता है तो उसके खिलाफ नोटिस जारी कर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
जिले में 15 मार्च से नामांकन शुरू होने के बाद सभी पार्टियों के प्रत्याशियों ने अपना प्रचार शुरू कर दिया था। प्रत्याशियों के प्रचार पर पर्यवेक्षक टीम ने भी पूरी नजर रखी हुई थी। ताकि आचार संहिता का उल्लंघन न हो।
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चुनाव प्रचार थमने के बाद नेताजी घर-घर जाकर प्रचार करने की रणनीति बनाने में लगे हुए हैं। इसके लिए अपने खास समर्थकों की ड्युटी भी लगाई जा रही है। ताकि वह डोर टू डोर जाकर लोगों से वोट देने की अपील कर सकें।
एक राजनीतिक दल के सदस्य ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि टिकट देरी से फाइनल होने के कारण प्रचार के लिए पूरा समय नहीं मिल पाया।
जिला निर्वाचन अधिकारी विजय सिंह दहिया ने बताया समय खत्म होने के बाद प्रचार रोकने के लिए 40 से अधिक टीमों ने नजर रखी हुई है।