दिल्ली के बाद अब नोएडा में भी ई-रिक्शा के संचालन पर रोक लगाने की तैयारी की जा रही है। परिवहन विभाग ने ई-रिक्शा को अनाधिकृत वाहन की श्रेणी में रखा है। संभागीय परिवहन अधिकारी (आरटीओ) ने इन पर रोक लगाने के लिए प्रवर्तन टीमों को निर्देश दिए हैं।
कानून के दायरे से बाहर होने का फायदा उठाकर ई-रिक्शा चालक लोगों की जान तो जोखिम में डाल ही रहे हैं, साथ ही जाम का सबब भी बन रहे हैं। दिल्ली की सड़कों से हटाए जाने वाले ई-रिक्शा नोएडा में परेशानी का सबब न बन जाएं, इसके लिए परिवहन विभाग ने कमर कस ली है। आरटीओ की तरफ से ई-रिक्शा के खिलाफ अभियान शुरू करने के निर्देश मिले हैं।
ट्रैफिक पुलिस को फैसले का इंतजार
परिवहन विभाग ने तो कार्रवाई की योजना बना ली है, लेकिन ट्रैफिक पुलिस को हाईकोर्ट के फैसले का इंतजार है। एसपी ट्रैफिक आरएन मिश्र के मुताबिक, ई-रिक्शा पर किस नियम के तहत कार्रवाई की जाए, इसको लेकर अभी कोई फैसला नहीं हुआ है।
प्रतिबंध के बावजूद चले
दिल्ली में तो इस पर बृहस्पतिवार से रोक लगा दी गई, लेकिन प्रतिबंध के बावजूद राजधानी से नोएडा के बीच ई-रिक्शा दौड़ते दिखाई दिए। न्यू अशोक नगर मेट्रो स्टेशन से नोएडा के बीच, झुंडपुरा से कोंडली और वसुंधरा के बीच रोजाना की तरह ई-रिक्शा दिखे।
आरटीओ मयंक ज्योति के मुताबिक ई-रिक्शा पूरी तरह से अनाधिकृत वाहन हैं। इनके खिलाफ कार्रवाई के लिए दो दिन में लिखित आदेश प्रवर्तन दलों को जारी कर दिए जाएंगे।