दुर्गेश पाठक ने कहा कि जनता के लिए काम न करना तो भाजपा की हमेशा से आदत रही है, लेकिन अब इनके सांसद दिल्ली को बड़े स्तर पर बर्बाद करने पर उतर गए हैं। पिछले एक हफ्ते में दिल्ली के अंदर दो बड़ी घटनाएं घटीं। इसमें पहली घटना केंद्र की भाजपा सरकार और उनके सांसदों द्वारा की गई। केंद्र सरकार के तहत आने वाले डीडीए ने चांदनी चौक में बड़े स्तर तोड़फोड़ की है। लोग 70-80 वर्षों से उस इलाके में रह रहे थे।
ऐसा लगता है कि भाजपा के सांसदों के निर्देश पर ये किया गया। क्योंकि पिछले 5 दिनों से चांदनी चौक के सांसद प्रवीण खंडेलवाल एक बार भी वहां नहीं गए। लोगों ने उन्हें बार-बार फोन करने की कोशिश की, लेकिन उनका स्टाफ कह रहा है कि वो बाहर गए हैं। इन सांसदों ने 11 साल से कोई काम नहीं किया और अब दिल्ली को तोड़ने में लगे हुए हैं। इस बीच भाजपा के सांसद प्रवीण खंडेलवाल का कोई अता-पता नहीं है, वो किसी से बात नहीं कर रहे हैं। डीडीए केंद्र सरकार के अधीन है। उनके निर्देश के बिना ये होना संभव नहीं है।
दुर्गेश पाठक ने दूसरी बड़ी घटना का जिक्र करते हुए कहा कि केंद्र सरकार के अधीन भारतीय रेलवे ने पटेल नगर और बरार स्कावयर के अंदर कई किलोमीटर तक हजारों झुग्गियों को तोड़ने का नोटिस लगाया है। नोटिस में लिखा है कि 22 जुलाई से इन झुग्गियों को तोड़ने का काम शुरू हो जाएगा। ये नोटिस लगे 5 से 6 दिन हो चुके हैं। ये इलाके बांसूरी स्वराज के लोकसभा क्षेत्र में आते हैं, वो नई दिल्ली सीट से यहां की सांसद हैं।
लेकिन उन्होंने एक बार भी इन इलाकों का दौरा नहीं किया, लोगों की समस्या नहीं सुनी। उन्होंने एक बार भी रेलवे और अन्य विभागों से बातचीत करके यह कोशिश नहीं की कि जिससे ये झुग्गियां टूटने से बच जाएं। इससे पूरी तरह स्पष्ट है कि ये चीजें उनकी जानकारी में हो रही हैं और सबकुछ जानते हुए भी वो कोई कार्रवाई नहीं कर रही हैं। जबकि अगर वो रेलवे विभाग को एक फोन कर दें तो लोगों का घर टूटने से बच सकता है। लेकिन पिछले 5 दिनों में उन्होंने एक बार भी वहां जाकर लोगों से मिलने की कोशिश नहीं की। लोगों ने उन्हें कई बार फोन करने की कोशिश की लेकिन कभी भी उनका फोन नहीं लगता है।
दुर्गेश पाठक ने कहा कि 11 साल से भाजपा के सातों सांसद दिल्ली पर राज कर रहे हैं। डीडीए और रेलवे जैसे हजारों विभाग इनके अधीन आते हैं। पहले ये लोग कोई काम नहीं करते थे, लेकिन अब ऐसा लग रहा है जैसे इन्होंने विभागों को ये निर्देश दिया है कि दिल्ली को पूरी तरह बर्बाद कर दो। इसमें पटेल नगर से बरार स्कावयर के लोहामंडी, बुद्ध नगर और इंदरपुरी जैसे इलाके शामिल हैं।
यहां भारतीय रेलवे द्वारा ये नोटिस चिपकाए गए हैं। 5 से 6 दिन हो गए लेकिन अभी तक किसी सांसद ने किसी की खबर लेने के लिए नहीं गया। वहीं, आम आदमी पार्टी इन दोनों मामलों में वहां के लोगों को लीगल मदद दे रही है। भाजपा ने पिछले 11 सालों से केवल दिल्ली को बर्बाद करने का काम किया है। महीने-दो महीने में जब इनकी नींद खुलती है तो किसी क्षेत्र का दौरा करते हैं और वहां की तस्वीरें खींचकर सोशल मीडिया पर डाल देते हैं। इसके अलावा इनके पास और कोई काम नहीं है।
दुर्गेश पाठक ने कहा कि भाजपा सांसद दिल्लीवालों के खिलाफ काम करना बंद कर दें। आप लोगों से उनका घर छीन रहे हो, इसे बंद कर दो। बांसूरी स्वराज और प्रवीण खंडेलवाल के अधीन रेलवे और डीडीए आता है। ये दोनों इन विभागों को हेड करते हैं, क्योंकि ये दोनों विभाग केंद्र सरकार के अधीन हैं। लेकिन फिर भी ये कोई कार्रवाई नहीं कर रहे हैं। इनकी ये चुप्पी मानी जाए कि ये पर्दे के पीछे से इन विभागों को लोगों के घर गिराने के आदेश दे रहे हैं। दिल्ली के लोगों ने आपको जरूर जिताया है लेकिन ऐसा ही चलता रहा तो आप कब उनकी नजरों से उतर जाएंगे पता भी नहीं चलेगा।