एक वर्ष पहले गिरने की वजह से फ्रैक्चर होने के बाद एक महिला मरीज दोबारा से अपने पैरों पर खड़ी हो सकी हैं। गिरने की वजह से लिगामेंट चोटिल हो गया था। महिला को ऑर्थराइटिस की परेशानी भी होने लगी थी।
भारतीय मूल की फिजियन नागरिक मायावती का रयूमेटायड आर्थराइटिस, ऑस्टियोपोरोसिस और कमजोर हड्डियों की वजह से चलना-फिरना तक बंद हो गया था। 60 वर्षीय ये महिला मरीज अपनी परेशानी लेकर वसंत कुंज स्थित इंडियन स्पाइनल इंजरी सेंटर पहुंचीं।
यहां डॉ. विवेक महाजन ने बताया कि मरीज की जांच के बाद पता चला कि घुटने के पास हुआ फ्रैक्चर ठीक नहीं हुआ था, जिसके चलते उस हिस्से में गंभीर डिफॉर्मिटी हो गई थी और लिगामेंट भी सही ढंग से काम नहीं कर रहा था।
उन्होंने बताया कि पूरे केस पर अध्ययन के बाद सर्जरी में खास इंप्लांट का इस्तेमाल किया। आमतौर पर इस इंप्लांट को घुटने की रिवीजन रिप्लेसमेंट सर्जरी में लगाया जाता है। ऑपरेशन के बाद बेहतर दवाओं के जरिये मरीज की रिकवरी हुई। सर्जरी के दो दिन बाद ही मरीज ने फिर जमीन पर पैर रखना शुरू किए।