मेरठ मंडल के आयुक्त आलोक सिन्हा और गौतमबुद्ध नगर के डीएम एनपी सिंह के नेतृत्व में जिले के थानों में शनिवार को समाधान दिवस का आयोजन किया गया। इस दौरान अलग-अलग थानों में कुल 33 शिकायतें आईं। सबसे ज्यादा शिकायतें जमीन विवाद और अवैध कब्जे से जुड़ी थीं। 23 का मौके पर ही निस्तारण कर दिया गया। वहीं 10 शिकायतों का निस्तारण करने का आदेश राजस्व और पुलिस दिया गया।
जिलाधिकारी एनपी सिंह और एसएसपी डॉ. प्रीतिंदर सिंह नोएडा के सेक्टर-49 थाने पहुंचे। यहां पांच शिकायतें आईं। उनका मौके पर ही निस्तारण कर दिया गया। इस दौरान डीएम के समक्ष सोरखा गांव में भूमि विवाद का मामला आया।
उन्होंने वहां के लेखपाल और राजस्व विभाग के अधिकारियों से तथ्यात्मक रिपोर्ट तलब की। इसके बाद दोनों अधिकारी थाना इकोटेक-3 पहुंचे। यहां दो शिकायतें आईं। ग्राम जलपुर में जमीन विवाद में धनराशि के लेन-देन से संबंधी शिकायत मिली। उन्होंने मामले में संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई का निर्देश दिया।
वहीं आयुक्त मेरठ मंडल आलोक सिन्हा ने जनपद के थाना सेक्टर-39 व सूरजपुर थाने में औचक निरीक्षण किया। उन्होंने पुलिस अधिकारियों को निर्देश दिया कि समाधान दिवस पर आने वाली शिकायतों का प्राथमिकता के आधार पर समाधान किया जाए। उनके साथ अपर जिलाधिकारी चंद्रशेखर भी मौजूद थे।
इन थानों में नहीं पहुंची शिकायत
प्रचार-प्रसार की कमी के कारण कई थानों में पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी बैठे रहे, लेकिन शिकायतें नहीं मिलीं। रबूपुरा, जारचा, बिसरख, दनकौर, इकोटैक वन, दनकौर, ग्रेटर नोएडा, नॉलेज पार्क, फेस-3, सेक्टर 58 और एक्सप्रेसवे थाने में एक भी शिकायत नहीं आईं।
अवैध खनन को रोकने को सख्ती
जिले में अवैध खनन को रोकने के लिए डीएम एनपी सिंह ने खनन माफिया से सख्ती से निपटने का आदेश अधिकारियों को दिया। वहीं अपर जिलाधिकारी प्रशासन चंद्रशेखर की अध्यक्षता में गठित समिति ने गांव कामबख्शपुर व पंडित डेरीन में छापा मारा गया। इस दौरान दोनोें गांवों में बालू के 27 अवैध ढेर पाए गए।