नोएडा में 10 फीसदी डायबिटिज के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं। जिसमें युवाओं और बुजुर्गों की संख्या शामिल है। वहीं बच्चों में पिछले साल की तुलना में डायबटिज बढ़ी है। इसमें 8 से 15 साल तक के बच्चों की संख्या ज्यादा है।
नोएडा डायबिटिज फोरम के आंकड़ों के अनुसार आयोजित होने वाले कैंप में 80 प्रतिशत मरीज डायबिटिज के होते हैं। कई मरीज ऐसे होते हैं जिनको कैंप में आने के बाद पहली बार पता चलता है कि वो भी इस बीमारी चपेट में आ गए हैं।
डॉक्टरों का कहना है कि इसकी सबसे बड़ी वजह गलत दिनचर्या, खानपान के चलते तेजी से लोग इसकी चपेट में आ रहे हैं। इसको लेकर सभी को विशेष ध्यान रखने की जरूरत है। बच्चों के खाने - पीने को लेकर अभिभावकों को ध्यान रखना चाहिए।
जेपी अस्पताल के डॉक्टर मनोज कुमार ने बताया कि इसको लेकर लोगों को विशेष ध्यान रखने की जरूरत है। 30 वर्ष से अधिक उम्र वाले लोगों को समय-समय पर जांच कराते रहना चाहिए। अधिक वजन वालों को भी डायबिटिज की जांच करानी चाहिए। अगर किसी के परिवार में डायबिटिज हो तो उसको अपनी जांच जरूर करानी चाहिए।
रखें इन बातों का ध्यान
- चिकनाई के युक्त भोजन का काम सेवन करें।
- मिठाई और अन्य मीठी चीजें कम खाएं।
-नियमित रूप से व्यायाम करें
-सात किलोमीटर प्रतिघंटे की रफ्तार से चलें
- नींद पूरी लें
-तनाव से दूर रहें