दिल्ली विधानसभा चुनाव का ऐलान होते ही नेताओं को सुरक्षा की चिंता सताने लगी है। वह अपने आसपास की सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए बाउंसरों की डिमांड करने लगे हैं। उनकी पहली पसंद गुड़गांव के बाउंसर हैं।
इसके लिए वह एजेंसियों से संपर्क कर रहे हैं। हालांकि, वहां कानून-व्यवस्था की जटिलताओं को चलते गुड़गांव के बाउंसरों को भेजने में परेशानी आ रही है।
सात फरवरी को दिल्ली विधानसभा का चुनाव है। इससे पहले नेताओं को रैलियों, नुक्कड़ सभाओं व जनसंपर्क के लिए लोगों के बीच जाना होता है। ऐसे में भीड़भाड़ वाले स्थानों पर कई शरारती तत्व नेताओं के ऊपर अक्सर छोटे-बड़े हमले कर देते हैं।