करीब आठ से दस दिन की बच्ची पूरी तरह स्वस्थ थी। बच्ची को एनजीओ के हवाले करने के बाद पुलिस ने उसके परिजनों का पता लगाने का प्रयास किया। आसपास के अस्पतालों और प्रसूति केंद्रों में पड़ताल की गई। इसके अलावा सीसीटीवी फुटेज की भी जांच की गई। कई घंटों की छानबीन के बाद पुलिस आखिर बच्ची की मां तक पहुंचने में कामयाब हो गई।
बच्ची हेमलता (32) नामक महिला की थी। हेमलता परिवार के साथ जेजे कालोनी, मादीपुर में रहती है। इसके परिवार में पति पूरन चंद के अलावा पहले से दो बेटी हैं। दो अगस्त को महिला ने एक और बेटी को जन्म दिया तो वह काफी हताश हुई। उसे लगता था कि अबकि बार उसके यहां बेटा होगा।
हताश होने के बाद महिला ने आत्महत्या करने का प्रयास किया। लेकिन वह कामयाब नहीं हो पाई। परेशान होकर सोमवार को दिन में वह बच्ची को लेकर घर से निकल गई। बाद में बच्ची को रेलवे स्टेशन पर छोड़कर वापस घर आ गई। पुलिस ने बच्ची का महिला के हवाले कर उसकी काउंसलिंग करा दी है।