जानकारी के मुताबिक, मोहम्मद तबरेज अंसारी 17/18 जून की रात अपने दो साथियों नुमैर अली और शेख इरफान के साथ कमल महतो नाम के आदमी के घर में चोरी की नीयत से घुसा था। इसी दौरान घर के लोग जग गये और उन्होंने शोर मचाया। इसके बाद ग्रामीणों ने चोरों को पकड़ने का प्रयास किया। इस कोशिश में मोहम्मद तबरेज आलम ग्रामीणों के हाथ लग गया जबकि उसके दो साथी नुमैर अली और इरफान वहां से भागने में कामयाब रहे। लगभग 2:30 बजे रात घटी इस घटना के बाद ग्रामीणों ने तबरेज की पिटाई की।
पुलिस को इसकी सूचना मिली और लगभग पांच बजे सुबह तक वह घटनास्थल पर पहुंच गई। पुलिस ने तबरेज को ग्रामीणों से बचाया। उसे थाने लाया और इस मामले में प्राथमिकी दर्ज की गई। तबरेज के पास से मोटरसाइकिल और कुछ अन्य चोरी का सामान पकड़े जाने की बात भी कही गई है। इस दौरान उसकी प्राथमिक चिकित्सा भी कराई गई थी। लेकिन इस दौरान उसे कोई गंभीर चोट लगने की बात सामने नहीं आई थी।
18 जून को ही धात की डीह गांव के लोगों के द्वारा तबरेज और उसके दो साथियों के विरुद्ध चोरी की प्राथमिकी भी दर्ज करायी गई थी। इसके बाद तबरेज को सदर अस्पताल ले जाकर उसकी एमएलसी भी कराई गई। वहां भी उसे किसी गंभीर चोट लगने की बात सामने नहीं आई थी। इसके बाद उसे न्यायिक अधिकारी के समक्ष पेश कर जेल भेज दिया गया था। जानकारी के मुताबिक 22 जून को सुबह अचानक तबरेज की तबीयत खराब हो गई और उसे अस्पताल ले जाया गया जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।