दिल्ली के अस्पतालों में अब एंटीबॉडी कॉकटेल दवा के प्रचार की होड़ शुरू हो गई है। पहले फोर्टिस, फिर अपोलो और उसके बाद मैक्स अस्पताल ने कॉकटेल दवा पर जोर देना शुरू कर दिया है। वहीं बुधवार को सर गंगाराम अस्पताल ने भी दो मरीजों में इस दवा के जरिए राहत मिलने का दावा किया है। हालांकि इस दवा की प्रति खुराक 60 हजार रुपये के आसपास है।
गंगाराम अस्पताल के अनुसार दो कोरोना मरीजों पर मोनोक्लोनल एंटीबॉडी का इस्तेमाल किया है। जिसे एंटीबॉडी कॉकटेल भी कहा जाता है। दवा देने के बाद शुरुआती सात दिनों में मरीजों में अच्छी रिकवरी दिखी जिसकी वजह से आखिरी नतीजे भी सकारात्मक रहे हैं।
अस्पताल की वरिष्ठ डॉ. पूजा खोसला ने बताया कि 36 वर्षीय एक स्वास्थ्य कर्मचारी को बुखार, कफ और कमजोरी होने पर छठवें दिन कॉकटेल दवा दी गई। दवा देने के बाद मरीज को चिकित्सीय निगरानी में रखा गया और 12 घंटे के अंदर स्वास्थ्य में सुधार मिला। अगले दिन उसे डिस्चार्ज कर दिया।
इसी तरह 80 वर्षीय बुजुर्ग मधुमेह और उच्च रक्तचाप के रोगी हैं। उन्हें भी बुखार और सांस लेने में तकलीफ हुई। सीटी स्कैन में संक्रमण का हल्का असर मिला लेकिन उच्च जोखिम की स्थिति में होने के कारण उन्हें यह दवा दी गई और 12 घंटे में ऑक्सीजन का लेवल 96 से बढ़कर 98 फीसदी तक पहुंच गया। हालांकि अभी उन्हें अस्पताल में ही भर्ती रखा है। एक दिन में बाद डिस्चार्ज किया जाएगा।