दिल्ली पुलिस दिल्ली में बढ़ रहे अपराध को काबू पाने के लिए तरह-तरह के कदम उठा रही है। अब दिल्ली पुलिस स्कूली छात्रों को स्टूडेंट पुलिस केडेट बनाकर अपराध पर काबू पाएगी। इसके लिए हर सब-डिवीजन में एक स्कूल को चुना गया है। स्कूल से 100 छात्र-छात्राओं की टीम तैयार की जाएगी।
ये छात्र अपने परिचित व लोगों को साइबर अपराध, स्ट्रीट क्राइम व ट्रैफिक नियमों के पालन करना बताएंगे। देश में सबसे पहले ये पहल केरल में शुरू की गई थी। इस प्रोजेक्ट के नोडल अफसर व उत्तरी जिले के पुलिस उपायुक्त सागर सिंह कलसी ने प्रोजेक्ट शुरू करने की बात कही है।
दिल्ली पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि दिल्ली पुलिस आयुक्त संजय अरोड़ा की पहल पर ये प्रोजेक्ट शुरू किया गया है। दिल्ली पुलिस के 15 जिलों में कुल 67 सब-डिवीजन हैं। तीन या दो थानों का मिलाकर सब-डिवीजन बनाया जाता है।
सहायक पुलिस आयुक्त(एसीपी) सब-डिवीजन का प्रभारी होता है। इस प्रोजेक्ट के तहत हर सब-डिवीजन से दिल्ली नगर निगम या फिर दिल्ली सरकार के स्कूलों से एक स्कूल चुना गया है। इस प्रोजेक्ट के तहत हर स्कूल के 100 छात्रों को चुना जाएगा।