लारेंस बिश्नोई को टक्कर देने वाले गैंगस्टर हिमांशु भाऊ के खिलाफ भारत में उसकी अनुपस्थिति में भी केस चलेगा। दिल्ली पुलिस की अपराध शाखा ने हिमांशु व उसके गैंग के फरार बदमाशों के खिलाफ ट्रायल इन एब्सेंटिया कानून लगा दिया है। इसके अलावा दिल्ली पुलिस ने हिमांशु गैंग के सभी बदमाशों के खिलाफ मकोका लगाकर चार्जशीट दाखिल कर दी है।
दिल्ली पुलिस के अधिकारियों के अनुसार इस कानून में प्रावधान है कि अगर गैंगस्टर व बदमाश विदेश में बैठा है और कानून के सामने पेश नहीं हो रहा है तो ऐसी परिस्थिति में उसके खिलाफ ट्रायल इन एब्सेंटिया कानून लगाया जाएगा। इसके तहत बदमाश के खिलाफ केस चलाया जा सकेगा और उसे दोषी ठहराया जा सकेगा। उसके बाद उसे भारत में लाना आसान से हो सकेगा। अपराध शाखा के संयुक्त पुलिस आयुक्त सुरेंद्र सिंह ने बताया कि कुख्यात अपराधी हिमांशु उर्फ भाऊ गिरोह के 10 सक्रिय सदस्यों को गिरफ्तार कर अदालत में चालान पेश कर दिया है। वहीं गैंग का सरगना हिमांशु भाऊ और उसका करीबी साथी साहिल अभी विदेश में है। अदालत ने दोनों को भगोड़ा घोषित कर दिया है। दिल्ली पुलिस ने इनकी अनुपस्थिति में ही मुकदमे की सुनवाई (ट्रायल इन एब्सेंटिया) के लिए आवेदन किया है।
हिमांशु भाऊ 2020 से ही संगठित गिरोह चला रहा
जांच में सामने आया कि हिमांशु भाऊ ने 2020 से ही संगठित अपराध का ऐसा जाल बिछाया है जो दिल्ली-एनसीआर में कारोबारियों, प्रॉपर्टी डीलरों और प्रभावशाली लोगों को डरा-धमका कर रंगदारी वसूलता रहा। कभी तिलक नगर के कार शोरूम पर गोलियां बरसाईं तो कभी राजौरी गार्डन के बर्गर किंग में विरोधी गैंग के सदस्य की हत्या कर दी। नारायणा के कार स्ट्रीट शोरूम पर भी इसी गिरोह ने फायरिंग कर कारोबारी वर्ग में दहशत पैदा की। पुलिस के मुताबिक, इन वारदातों का मकसद डर फैलाना था ताकि पीडि़त बिना पुलिस तक पहुंचे सीधे गिरोह को रकम दे दें।
कार शोरूम पर की थी अंधाधुंध फायरिंग
गिरोह ने पिछले साल 6 मई को तिलक नगर के फ्यूजऩ कार शोरूम पर अंधाधुंध फायरिंग की। पुलिस के अनुसार तीन हथियारबंद बदमाश वहां घुसे और अंदर-बाहर गोलियां चलाकर भाग निकले। वारदात के अगले ही दिन शोरूम मालिक मनोज मलिक को एक अंतरराष्ट्रीय इंटरनेट कॉल आई। कॉल करने वाले ने खुद को हिमांशु भाऊ बताते हुए पांच करोड़ रुपये की फिरौती मांगी और धमकी भी दी। कि अगर पैसे नहीं दिए तो जान से हाथ धोना पड़ेगा। बाद में केस की जांच क्राइम ब्रांच को सौंपी गई।