छोटा भाई भी पुलिस में भर्ती
पुलिस को भगतराम के घर से वारदात में इस्तेमाल लाइसेंसी पिस्टल बरामद की है। उसके कब्जे में लेकर पुलिस मामले की छानबीन कर रही है। पुलिस ने रविवार को पोस्टमार्टम के बाद भगतराम का शव परिवार के हवाले कर दिया है। भगतराम के छोटे भाई यशपाल दिल्ली पुलिस में एएसआई हैं जबकि सबसे छोटे भाई अनिल कुमार हरियाणा पुलिस में इंस्पेक्टर हैं।
वेंकटेश्वर अस्पताल लेकर गए थे भगतराम को
द्वारका जिला पुलिस उपायुक्त अंकित सिंह ने बताया कि शनिवार देर रात करीब 12.10 बजे उनकी टीम को सूचना मिली कि दिल्ली के एएसआई ने खुद को गोली मार दी है। पुलिस की टीम फौरन वेंकटेश्वर अस्पताल पहुंची। वहां पहुंचने पर भगत सिंह की मौत का पता चला। उनके भाई अनिल ने आत्महत्या की जानकारी दी।
पत्नी और दो बेटों को छोड़ गए
छानबीन के दौरान पुलिस को पता चला कि भगतराम परिवार के साथ पी-ब्लॉक, लक्ष्मी पार्क, बाबा हरिदास नगर में रहते थे। इनके परिवार में पत्नी और दो बेटों के अलावा दो भाई व अन्य सदस्य हैं। अनिल ने पुलिस को बताया कि 11.50 बजे अचानक उनके भाई ने अपने कमरे में खुद की लाइसेंसी की पिस्टल से गोली मार दी।
माथे में मारी गोली
माथे में गोली लगने के बाद परिजन उनको अस्पताल ले पहुंचे, जहां उनको मृत घोषित कर दिया गया। परिजनों ने बताया कि भगतराम डीपीए, झरौदाकलां में तैनात थे। पिछले काफी समय से वह मधुमेय समेत दूसरी बीमारियों से परेशान थे। परिजनों का कहना है कि इसी वजह से उन्होंने मौत को गले लगाया। पुलिस मामले की छानबीन कर रही है।