राजधानी की हवा एक बार फिर बहुत खराब से गंभीर श्रेणी में पहुंच गई है। बुधवार को वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) में 34 अंकों की बढ़ोतरी हुई और औसत एक्यूआई 413 दर्ज किया गया। दिल्ली-एनसीआर में शामिल गुरुग्राम को छोड़कर अन्य इलाकों की हवा बहुत खराब और गंभीर श्रेणी स्तर पर रही। गाजियाबाद में सबसे खराब हवा में लोगों ने सांस ली। वहीं, दिल्ली के जहांगीरपुरी में 472 एक्यूआई रिकॉर्ड किया गया, जो बेहद गंभीर श्रेणी में आता है।
केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) के अनुसार, औसत एक्यूआई 413 रहा, जो एक दिन पहले 379 था। सोमवार को यह आंकड़ा 295 रहा था। वहीं, हरियाणा, पंजाब और उत्तर प्रदेश में पिछले 24 घंटे में पराली जलाने की 63 घटनाएं दर्ज की गई। इससे उत्पन्न होने वाले प्रदूषित तत्व पीएम 2.5 कि प्रदूषण में 2 फीसदी हिस्सेदारी रही, जो कि एक दिन पहले 5 फीसदी थी। प्रदूषण के लिए जिम्मेदार तत्व पीएम 10 का स्तर 376 और पीएम 2.5 का स्तर 210 दर्ज किया गया। दोनों ही बहुत खराब श्रेणी में रहे, जबकि पीएम 10 का स्तर 100 से कम और पीएम 2.5 का स्तर 60 से कम होने पर सुरक्षित श्रेणी में माना जाता है।
पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय की वायु मानक संस्था सफर के अनुसार, इन दिनों हवाओं का रुख उत्तर-पश्चिम दिशा के बजाय दक्षिण-पूर्व की ओर हो गया है। रफ्तार में भी कमी आई है। इस वजह से प्रदूषक तत्व दिल्ली की हवा में ठहर रहे हैं। अगले दो दिनों में हवा की गति बढ़ने प्रदूषण से थोड़ी राहत मिल सकती है। गौरतलब है कि दिवाली के बाद दिल्ली की हवा गंभीर श्रेणी में पहुंच गई थी। इसके बाद हुई बारिश ने हवा को साफ किया था। इसके बाद से हवा लगातार खराब से बहुत खराब श्रेणी में बनी हुई थी।
रेड जोन में पहुंचे 19 हॉटस्पॉट
दिल्ली की हवा गंभीर श्रेणी में पहुंचने के बाद 19 हॉटस्पॉट भी रेड जोन में पहुंच गए, जबकि एक दिन पहले इनकी संख्या 10 से भी कम थी।
दिल्ली के हॉटस्पॉट की स्थिति
जहांगीरपुरी 472
बवाना 467
रोहिणी 467
सोनिया विहार 469
अशोक विहार 464
विवेक विहार 455
आनंद विहार 449
मुंडका 449
नरेला 447
वजीरपुर 446
डीटीयू 440
आईटीओ 434
पटपड़गंज 427
ओखला फेज-2 426
पंजाबी बाग 426
चांदनी चौक 420
आरकेपुरम 412
दिलशाद गार्डन 408
मंदिर मार्ग 401
एनसीआर के आंकड़े
गाजियाबाद 444
नोएडा 414
ग्रेटर नोएडा 394
फरीदाबाद 348
गुरुग्राम 299