मुंडका में शुक्रवार को मेट्रो स्टेशन के सामने एक व्यावसायिक इमारत में आग ने जो तांडव मचाया था उससे राहत और बचाव का कार्य शनिवार दोपहर तक चला। जहां देर रात तक 27 शव निकाले जा चुके थे और 50 लोगों को बचाया जा चुका था, वहीं सुबह भी एनडीआरएफ की टीम लापता लोगों की तलाश करती रही।
सुबह जब नए सिरे से राहत-बचाव कार्य शुरू हुआ तो दमकल व एनडीआरएफ दोनों टीमों को दूसरी मंजिल व तीसरी मंजिल पर कुछ अवशेष मिले। अधिकारियों ने बताया कि यह मानव शव के अवशेष हैं। ऐसे में यह संभावना प्रबल हो जाती है कि मरने वालों की संख्या में आने वाले समय में बढ़ोतरी हो सकती है।
हालांकि यह तब ही होगा जब डीएनए जांच की जाएगी और उसकी रिपोर्ट सामने आएगी। बताते चलें कि अब तक पुलिस को 29 लोगों के गायब होने की शिकायत मिली है और सात शवों की पहचान कर ली गई है। गायब लोगों में 24 महिलाएं और 5 पुरुष शामिल थे। जिन शवों की पहचान हुई है उसमें पांच महिलाएं और दो पुरुष शामिल हैं।
पहली मंजिल से शुरू हुई आग
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि शुरुआती जांच में इमारत की पहली मंजिल में आग लगने की बात सामने आई है, जो बाद में तीसरी मंजिल तक पहुंच गई। पहले माले पर सीसीटीवी कैमरों और राउटर निर्माण कंपनी कोफे इम्पेक्स प्राइवेट लिमिटेड का कार्यालय है। आग लगने के दौरान इन कार्यालयों में बड़ी तादाद में कर्मचारी मौजूद थे। शाम करीब 4:45 बजे इमारत में आग लगने की सूचना मिलते ही पुलिस और दमकल कर्मी मौके पर पहुंचे।
स्थानीय लोगों की मदद से फौरन राहत और बचाव का काम शुरू कर दिया गया। दमकल कर्मियों ने खिड़कियों के शीशे तोड़कर रस्सी की मदद से लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला। कुछ लोगों ने आग लगते ही भागने की कोशिश की लेकिन ज्यादातर आग की लपटों में फंस गए। पहली मंजिल पर लगी आग देखते ही देखते तीसरी मंजिल तक पहुंच गई।
आग लगते ही मची अफरातफरी
स्थानीय लोगों ने बताया कि पहली मंजिल में आग लगते ही अफरातफरी मच गई। इमारत में फंसे लोग बाहर निकलने के लिए जद्दोजहद कर रहे थे। धुएं की वजह से लोग कुछ भी देख नहीं पा रहे थे। कुछ लोगों ने इमारत से छलांग लगाकर जान बचाई। मौके पर जुटे लोग इमारत में फंसे लोगों को बचाने की कोशिश करने लगे। कुछ ऐसे भी लोग थे, जिनके अपने इमारत में स्थित कंपनी में काम करते थे। वह अपने परिचितों से फोन कर उनका हालचाल जानने की कोशिश कर रहे थे। जानकारी नहीं मिलने पर पुलिस के पास पहुंच रहे थे। इससे राहत कार्य बाधित होने लगा। ऐसे में पुलिस ने लोगों को घटनास्थल से दूर हटाया।