दिल्लीवासियों को फिलहाल राहत मिली है। मेट्रो किराया बढ़ाने को लेकर की गई सिफारिश पर सोमवार को फिर डीएमआरसी बोर्ड की बैठक में फैसला नहीं हो पाया है। सोमवार को दिल्ली मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन (डीएमआरसी) बोर्ड की बैठक थी, लेकिन एजेंडे में शामिल होने के बाद भी इसे अगले बैठक तक के लिए टाल दिया गया है। सूत्रों की मानें तो सभी बोर्ड सदस्यों के उपस्थिति नहीं होने के कारण इसपर फैसला नहीं लिया गया है।
बोर्ड में कुल 16 सदस्य हैं, मगर बोर्ड में सभी सदस्यों की उपस्थिति नहीं होने के कारण उसपर आखिरी फैसला नहीं लिया गया है। अब यह अगले बोर्ड बैठक में तय होने की उम्मीद है।
बोर्ड के चेयरमैन केंद्रीय शहरी विकास मंत्रालय के सचिव हैं। सदस्यों में डीएमआरसी प्रमुख, दिल्ली सरकार के मुख्य सचिव और प्रधान सचिव वित्त, परिवहन आयुक्त समेत डीडीए उपाध्यक्ष भी होते हैं।
सूत्रों की मानें तो सोमवार को हुई बैठक में दिल्ली सरकार की ओर से बोर्ड में सभी सदस्य उपस्थित नहीं रहे, जिसके कारण यह फैसला टालना पड़ा।
बताते चलें कि दिल्ली मेट्रो का किराया 2009 के बाद से नहीं बढ़ा है। तीन सदस्यीय कमेटी ने इसमें मौजूदा न्यूनतम किराये को 8 से 10 और अधिकतम किराये को 30 से बढ़ाकर 50 रुपये करने की सिफारिश की है।