ईडी ने कहा, सरकारी गवाह के बयान को खारिज नहीं किया जा सकता। ये बयान 164 के तहत मजिस्ट्रेट के सामने होते हैं। हमने इस मामले में जो नया बयान दर्ज किया है, वह गोवा से एक आप उम्मीदवार का है। उसका बयान मार्च, 2024 में दर्ज किया गया है।
ईडी ने राउज एवेन्यू कोर्ट में केजरीवाल की रिमांड मांगते समय तर्क दिया कि शराब घोटाले में गिरफ्तार बिचौलिया विजय नायर सीएम का करीबी है। वह केजरीवाल के लिए रिश्वत की रकम एकत्र करता था। आबकारी नीति लागू कराना और जो न माने उसे मनाने व धमकाने का काम भी नायर ही करता था। सरकारी गवाह दिनेश अरोड़ा ने कबूल किया है कि नायर के कहने पर उसने 31 करोड़ रुपये दिए थे।
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एडिशनल सॉलिसीटर जनरल एसवी राजू ने कहा, आम आदमी पार्टी इस मामले में लाभार्थी है, जो एक कंपनी के रूप में मौजूद है। कंपनी के संचालन के लिए प्रत्येक व्यक्ति जिम्मेदार है। आप के संविधान (अनुच्छेद 4) के अनुसार चूंकि, अरविंद केजरीवाल पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक हैं, इसलिए वह इसके संचालन के लिए जिम्मेदार हैं। वह पार्टी की प्रमुख गतिविधियों को नियंत्रित करते हैं।
ईडी ने कहा, सरकारी गवाह के बयान को खारिज नहीं किया जा सकता। ये बयान 164 के तहत मजिस्ट्रेट के सामने होते हैं। हमने इस मामले में जो नया बयान दर्ज किया है, वह गोवा से एक आप उम्मीदवार का है। उसका बयान मार्च, 2024 में दर्ज किया गया है। ईडी ने कहा, साजिश कुछ खामियों से उपजी है जो जानबूझकर छोड़ दी गई हैं या नीति में बनाई गई हैं। ये कथित तौर पर निविदा प्रक्रिया के बाद कुछ लाइसेंसधारियों और साजिशकर्ताओं को फायदा पहुंचाने के लिए थे। ईडी के वकील राजू ने कहा कि शराब नीति इस तरह से बनाई गई थी जिससे रिश्वत को बढ़ावा मिलता है।