प्रदर्शन करते हिंदू राव अस्पताल के डॉक्टर
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वेतन न मिलने के विरोध में हिंदूराव अस्पताल के रेजिडेंट डॉक्टरों की भूख हड़ताल शनिवार को भी जारी रही। डॉक्टरों का कहना है कि जब तक उन्हें वेतन नहीं मिल जाता, हड़ताल जारी रहेगी।
हिंदूराव अस्पताल के डॉक्टर दो सप्ताह से अस्पताल परिसर में ही धरने पर बैठे हैं। डॉक्टरों का कहना है कि उन्हें जुलाई महीने से वेतन नहीं मिला है। कोरोना महामारी के इस संकट में परिवार चलाने में अनेक मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। अब उनके पास भूख हड़ताल के अलावा कोई विकल्प नहीं बचा है।
इससे पहले हिंदूराव, कस्तूरबा और राजन बाबू टीबी अस्पताल के डॉक्टरों ने उतरी निगम और अस्पताल के उच्च अधिकारियों से अपील की थी कि वे वेतन के मामले में हस्तक्षेप कर जल्द से जल्द इस समस्या का समाधान करें, लेकिन कोई सुनवाई न होने पर डॉक्टरों ने यह कदम उठाया है।
इन तीनों ही अस्पतालों के रेजिडेंट डॉक्टर हड़ताल पर हैं। इस कारण अस्पतालों में चिकित्सीय सेवाएं ठप पड़ी है और मरीजों को काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है।शनिवार को फेडरेशन ऑफ रेजिडेंट डॉक्टर्स एसोसिएशन (फोर्डा) के सदस्यों ने भूख हड़ताल पर बैठे डॉक्टरों से मुलाकात की और उन्हें हर संभव मदद का आश्वासन दिया। फोर्डा के अध्यक्ष डॉक्टर शिवाजी ने केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री डॉ हर्षवर्धन को पत्र लिखकर हिंदूराव के डॉक्टरों के लिए मदद की गुहार लगाई है।