ओम प्रकाश चौटाला, अजय चौटाला और कुमार के अलावा, चौटाला के पूर्व ओएसडी विद्याधर और हरियाणा के तत्कालीन मुख्यमंत्री के राजनीतिक सलाहकार शेर सिंह बड़शामी को भी 10 साल कैद की सजा सुनाई गई थी।
इसके अलावा इस मामले में जिन अन्य लोगों को 10 साल की कैद की सजा सुनाई गई थी उनमें मदन लाल कालरा, दुर्गा दत्त प्रधान, बानी सिंह, राम सिंह और दया सैनी शामिल है। इनके अलावा, एक दोषी को पांच साल की सजा सुनाई गई थी और अन्य 44 लोगों को चार साल की सजा मिली थी। कुल 55 दोषियों में से 16 महिला अधिकारी थीं।