नागरिकता संशोधन कानून के खिलाफ दिल्ली के सीलमपुर में उग्र हुआ प्रदर्शन करीब साढ़े तीन घंटे तक पत्थरबाजी और आगजनी के रूप में देखने को मिला। सड़कें पत्थरों से पट चुकी थी और आसमान में धुआं ही धुआं था।
आंसू गैस के गोले और लाठियों के दम पर कभी पुलिस प्रदर्शनकारियों को पीछे खदेड़ रही थी तो कभी प्रदर्शनकारी पुलिस को। इसी बीच वक्त हो चला था शाम की अजान का। सीलमपुर मेन रोड स्थित मस्जिद में अजान शुरू हुई तो प्रदर्शनकारी शांत हो गए। महज चंद सेकेंड में ही इतना बड़ा बवाल एकदम खामोश हो गया। तब तक इलाके की अमन कमेटी के प्रतिनिधि भी वहां पहुंच चुके थे।
दिल्ली पुलिस के पास शांति बनाए रखने के लिए सबसे बेहतर अवसर था। अधिकारियों ने भी इसे समय रहते भाप लिया और वे मस्जिद के पास भीड़ को शांत कराने के लिए पहुंच गए। पुलिस जवानों का कहना था कि हिंसा के बीच में अजान होने से पूरा माहौल एकदम से शांत हो गया।
पुलिस अधिकारियों ने पहले अमन कमेटी और बाद में लोगों से बातचीत कर उन्हें शांत कराया। कमेटी के चेयरमैन डॉक्टर परवेज मियां ने कहा कि सरकार तक संदेश पहुंच चुका है। अब प्रदर्शन करने आए लोगों से अपने-अपने घरों में जाने की अपील की जा रही है।
आप लोग नागरिक संशोधन कानून के खिलाफ हैं। आपके विरोध को सरकार समझ चुकी है कि आप इसके खिलाफ हैं। लेकिन प्रदर्शन में कुछ शरारती तत्वों ने गलत काम किया है।
अजान पूरी होने तक पुलिस भी रही खामोश
अजान शुरू होते ही कुछ लोग मस्जिद के ठीक सामने बैठ गए। जबकि बाकी सैकड़ों की तादाद में प्रदर्शनकारी सड़क पर बैठ गए थे। इस बीच जब उनसे प्रदर्शन के बारे में पूछा गया तो उन्होंने अजान पूरी होने के बाद अपनी बात रखने को कहा। वहीं पुलिस भी तब तक वहां काफी संख्या में पहुंच चुकी थी। पुलिस भी अजान पूरी होने तक खामोश रही और उसके बाद शांति बनाए रखने की अपील की।