स्वदेशी उत्पादों के लिए तय होगी जगह
मुख्यमंत्री ने कहा कि दिल्ली सरकार अब मॉल और बड़े शॉपिंग कॉम्प्लेक्स में स्वदेशी उत्पादों के लिए नियमित जगह उपलब्ध कराएगी, ताकि महिलाओं द्वारा तैयार सामान को बड़ा बाजार मिल सके। उन्होंने लोगों से विदेशी वस्तुओं की बजाय स्थानीय और स्वदेशी उत्पाद खरीदने की अपील भी की।
मेले में कई बैंकों को किया शामिल
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार महिलाओं की बैंकिंग और वित्तीय पहुंच मजबूत करने पर भी काम कर रही है। इसी वजह से मेले में विभिन्न बैंकों को भी शामिल किया गया, ताकि महिलाओं को आसान ऋण और वित्तीय सलाह मिल सके। मेले में करीब 24 स्वयं सहायता समूहों ने हिस्सा लिया। यहां हस्तशिल्प, क्रोशिया कार्य, खादी, घरेलू उत्पाद, खाद्य सामग्री और अन्य हस्तनिर्मित वस्तुओं की प्रदर्शनी और बिक्री की गई। उत्तर पश्चिम जिले के वन डिस्ट्रिक्ट, वन प्रोडक्ट के तहत हस्तशिल्प उत्पादों को विशेष रूप से प्रदर्शित किया गया। कार्यक्रम में सांसद योगेंद्र चंदोलिया, विधायक कुलवंत राणा, उत्तर पश्चिम जिले की डीएम सौम्या सौरभ, बैंक प्रतिनिधि और बड़ी संख्या में महिला स्वयं सहायता समूहों की सदस्य मौजूद रहीं। मेले का आयोजन उत्तर पश्चिम जिला प्रशासन ने किया है।
छोटी कोशिशें कर रहीं महिलाओं को मजबूत
मुख्यमंत्री ने कहा कि महिलाओं की छोटी-छोटी कोशिशें न सिर्फ परिवार की आय बढ़ा रही हैं, बल्कि देश की अर्थव्यवस्था को भी मजबूती दे रही हैं। उन्होंने विश्वास जताया कि ऐसे आयोजनों से महिलाओं को नया बाजार, पहचान और रोजगार के अवसर मिलेंगे।