राज्य परिवहन प्राधिकरण ने राजधानी में सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था में लगीं 16 हजार से ज्यादा बसों में से 2579 का परमिट कैंसल कर दिया है। कारण इन बसों के परमिट धारकों ने गलत पता देकर इसे हासिल किया था। बार-बार नोटिस जारी करने के बाद भी उन्होंने अपना सही पता प्राधिकरण को उपलब्ध नहीं कराया।
दिल्ली परिवहन विभाग और दिल्ली ट्रैफिक पुलिस जल्द ही इनके खिलाफ अभियान चलाएगी। दरअसल, 16 दिसंबर 2012 को वसंत कुंज सामूहिक दुष्कर्म मामले के बाद परिवहन विभाग ने सार्वजनिक बसों के खिलाफ अभियान चलाया था।
इसकी वजह घटना में जिस बस का इस्तेमाल हुआ था वह गलत पते पर दर्ज थी। परिवहन विभाग ने इससे सबक लेते हुए दिल्ली में सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था में लगी निजी बसों के पतों का वेरीफिकेश शुरू किया। यह जिम्मेवारी दिल्ली ट्रैफिक पुलिस को सौंपी गई।