दिल्ली विधानसभा में पर्यावरण विभाग, दिल्ली प्रदूषण नियंत्रण समिति (डीपीसीसी), संयुक्त राष्ट्र पर्यावरण कार्यक्रम (यूएनईपी) और दिल्ली के ईको क्लब के साथ संयुक्त बैठक की। जिसमें यह निर्णय लिया गया कि एसयूपी पर लगे प्रतिबंध बारे में दिल्ली के ईको क्लब द्वारा लोगों को जागरूक किया जाएगा।
सरकार की तरफ से एकल उपयोग प्लास्टिक (एसयूपी) पर लगाए गए प्रतिबंध पर दिल्ली के ईको क्लब लोगों को जागरूक करेंगे। इसके लिए इको क्लब की क्षमता बढ़ाई जाएगी। इसमें स्कूली बच्चे व शिक्षक शामिल होंगे। सरकार 19 जुलाई को संयुक्त राष्ट्र पर्यावरण कार्यक्रम (यूएनईपी) के साथ मिलकर जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन करेगी।
विज्ञापन
पर्यावरण मंत्री गोपाल राय ने सोमवार को दिल्ली विधानसभा में पर्यावरण विभाग, दिल्ली प्रदूषण नियंत्रण समिति (डीपीसीसी), संयुक्त राष्ट्र पर्यावरण कार्यक्रम (यूएनईपी) और दिल्ली के ईको क्लब के साथ संयुक्त बैठक की। बैठक का मुख्य उद्देश्य दिल्ली में एकल उपयोग प्लास्टिक के तहत प्रतिबंध किए गए उत्पादों के बारे में आम जनता के लिए जागरूकता अभियान शुरू करना था।
बैठक के बाद पर्यावरण मंत्री गोपाल राय ने कहा कि एकल उपयोग प्लास्टिक वस्तुओं को रोकने के लिए लोगों को जागरूक करना जरूरी है। साथ ही कहा कि जब तक अन्य विकल्पों का बढ़ावा नहीं दिया जाएगा, तब तक एकल उपयोग प्लास्टिक वस्तुओं को रोकना संभव नहीं है। लोगों को लगता है कि एसयूपी वस्तुओं पर प्रतिबंध का मतलब प्लास्टिक कैरी बैग पर प्रतिबंध है और यही कारण है कि जनता के बीच जागरूकता पैदा करने की तत्काल आवश्यकता है।
विज्ञापन
सोमवार को हुई बैठक में दिल्ली के ईको क्लब और यूएनईपी के साथ चर्चा करने बाद यह निर्णय लिया गया है कि एकल उपयोग प्लास्टिक पर लगे प्रतिबंध बारे में दिल्ली के ईको क्लब के बच्चों के द्वारा लोगों को जागरूक किया जाएगा।
गोपाल राय ने कहा कि प्रदूषण में एकल उपयोग प्लास्टिक के इस्तेमाल की बहुत बड़ी भूमिका है। लोग कई बार इसे खत्म करने के लिए जमीन में दबा या जलाकर नष्ट करने की कोशिश करते हैं, जो कि वायु, जल और भूमि प्रदूषण के लिए गंभीर खतरा भी है। ऐसे में एकल उपयोग प्लास्टिक और उसके विकल्प के लिए पर्याप्त जानकारी की जरूरत है। इसको देखते हुए 19 जुलाई को दिल्ली सरकार एकल उपयोग प्लास्टिक अपशिष्ट प्रबंधन और इसके विकल्पों के उपयोग की दिशा में दिल्ली के स्कूली शिक्षकों, बच्चों और इको क्लबों की क्षमता निर्माण के लिए यूएनईपी के साथ सहयोग करेगी, ताकि दिल्ली के लोगों को बेहतर जानकारी उपलब्ध हो।