मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने निर्देश दिया है कि होम आइसोलेशन में इलाज करा रहे लोगों को हर सूरत में 24 घंटे के अंदर कॉल कर उनकी काउंसलिंग की जाए। साथ ही होम आइसोलेशन में इलाज करा रहे लोगों का रिकॉर्ड हर दिन अपडेट हो। इसके अलावा जिन मरीजों के पास अभी तक ऑक्सीमीटर व मेडिकल किट उपलब्ध नहीं कराई गई है, उन तक तत्काल इसे पहुंचाया जाए।
मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने निर्देश दिया है कि होम आइसोलेशन में इलाज करा रहे लोगों को हर सूरत में 24 घंटे के अंदर कॉल कर उनकी काउंसलिंग की जाए। साथ ही होम आइसोलेशन में इलाज करा रहे लोगों का रिकॉर्ड हर दिन अपडेट हो। इसके अलावा जिन मरीजों के पास अभी तक ऑक्सीमीटर व मेडिकल किट उपलब्ध नहीं कराई गई है, उन तक तत्काल इसे पहुंचाया जाए।
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मुख्यमंत्री सोमवार को होम आइसोलेशन प्रणाली को मजबूत करने के लिए समीक्षा बैठक कर रहे थे। इस मौके पर उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया समेत मुख्य सचिव विजय देव व स्वास्थ्य विभाग के आला अधिकारी मौजूद थे।
बैठक की शुरुआत में अधिकारियों ने मुख्यमंत्री को होम आइसोलेशन में इलाज करा रहे लोगों को दी जा रही सुविधाओं की विस्तृत जानकारी दी। अधिकारियों ने बताया कि होम आइसोलेशन में अपना इलाज करा रहे मरीजों की प्रोटोकॉल के तहत देखभाल के साथ नियमित तौर पर उनकी सेहत पर नजर रखी जा रही है।
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अरविंद केजरीवाल ने कहा कि होम आइसोलेशन प्रणाली मजबूत करने की जरूरत है। इससे घर पर इलाज करा रहे मरीजों को समय से अच्छी काउंसलिंग के साथ अच्छा इलाज मिल सके। मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि दिल्ली में प्रतिदिन होने वाली कोरोना की जांच का बहुत ही स्पष्ट और साफ रिकॉर्ड रखा जाए।
रिकॉर्ड में यह दर्ज हो कि जो लोग कोरोना संक्रमित पाए जा रहे हैं, उनमें से कितने लोगों को इलाज कराने के लिए अस्पताल में भर्ती होने की जरूरत पड़ रही है। जबकि कितने मरीजों को होम क्वारंटाइन किया गया।
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि होम आइसोलेशन में इलाज करा रहे मरीजों के लगातार संपर्क में रहना जरूरी है। जो लोग होम आइसोलेशन में हैं, उनके पास हर हाल में 24 घंटे के अंदर डॉक्टरों की टीम की तरफ से कॉल चली जानी चाहिए। इसके साथ ही होम आइसोलेशन में इलाज करा रहे प्रत्येक मरीज को कॉल कर यह भी पूछा जाए कि उनके पास ऑक्सीमीटर है या नहीं है।
जरूरत होने पर अगले दिन जब जिला प्रशासन की टीम किट लेकर उनके पास जाए, तो किट के साथ ऑक्सीमीटर भी लेकर जाए और उन सभी मरीजों को ऑक्सीमीटर प्रदान की जाए, जिनके पास नहीं है।