केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी लगातार तीसरे दिन दिल्ली सरकार पर हमलावर रहे। उन्होंने उत्तरी दिल्ली नगर निगम की तरफ से दिल्ली सरकार को भेजे गए पत्रों की कॉपी सोशल मीडिया पर शेयर करते हुए कहा है कि तथ्य झूठ नहीं बोलते।
सत्य को दबाया नहीं जा सकता। यह कुछ और तथ्य हैं, जिनसे पता चलता है कि किस तरह दिल्ली के शहरी विकास विभाग ने पुनर्विकास प्रस्ताव की अधिसूचना को लटकाए रखा और उसको बार-बार वापस भेजते रहे।
पुरी ने कहा कि उनके पत्राचार से जाहिर होता है कि उन्होंने इस प्रक्रिया को दो साल तक लटकाए रखा। अब वह कह रहे हैं कि यह फाइल उनके पास अभी नहीं भेजी गई है, जबकि पत्राचार साफ बताता है कि यह सच नहीं है। अब उपराज्यपाल साहब के पास फाइल भेजकर एक तरह से मान लिया है कि यह इनकी ही जिम्मेदारी थी।