आईजीआई एयरपोर्ट पुलिस उपायुक्त उषा रंगनानी ने बताया कि सुबह करीब 5 बजे भारी बारिश के कारण आईजीआई (घरेलू एयरपोर्ट) के टर्मिनल-1 के बाहर प्रस्थान द्वार संख्या 1 से लेकर द्वार संख्या 2 तक फैला शेड अचानक भरभराकर गिर गया। हादसे में वहां खड़ी चार कैब क्षतिग्रस्त हो गई। घटना की जानकारी मिलते ही दिल्ली पुलिस के अलावा दमकल कर्मी, सीआईएसएफ के जवान और एनडीआरएफ की टीमें मौके पर पहुंच गई। उसके बाद राहत बचाव कार्य शुरू किया गया।
घटना में घायल हुए छह लोगों को सफदरजंग और बसई दारापुर स्थित ईएसआई अस्पताल में भर्ती कराया गया। एक चालक घटना के समय कैब में बैठा हुआ था। भारी बीम गिरने से वह कार में दब गया। इससे उसकी घटनास्थल पर ही मौत हो गई। मरने वाले चालक की शिनाख्त रोहिणी निवासी रमेश कुमार के रूप में हुई है। जबकि अन्य घायलों की पहचान संतोष कुमार यादव, शुभम शाह, दशरथ अहीरवार, अरविंद गोस्वामी, साहिल कुंदन और योगेश के रूप में हुई है। पुलिस अधिकारी ने बताया कि घायलों की हालत स्थिर है। बचाव दल मौके पर गिरे मलबे को हटाने का काम में जुटी हुई है। डोमेस्टिक एयरपोर्ट थाना पुलिस ने लापरवाही से मौत का मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस किसकी लापरवाही से हादसा हुआ है, इसकी जांच में जुटी है।
आईजीआई एयरपोर्ट के टर्मिनल एक पर शुक्रवार तड़के घटना इतनी तेजी में घटित हुई कि पलक झपकते ही कैब चालक रमेश की मौत हो गई। भारी बारिश से शेड सीधा वहां खड़ी कैब पर आकर गिरी। जिससे जोरदार धमाका हुआ और कार पूरी तरह से ऊपर से पिचक गया। देखते ही देखते वहां चीख पुकार मच गई। हवाई अड्डा की सुरक्षा में तैनात सीआईएसएफ कर्मी और एयरपोर्ट कर्मी तुरंत भाग कर वहां पहुंचे। वहां का भयावह मंजर देखकर लोग सिहर गए।
घटना के समय मौजूद लोगों ने बताया कि जिस जगह पर हादसा हुआ, वहां घरेलू उड़ान के लिए आने और जाने वाले सवारियों को पिक-ड्रॉप किया जाता है। फोरकोर्ट इलाके में कैब चालक सवारियों के पिक-ड्रॉप के लिए अकसर खड़े रहते हैं। उसके ठीक ऊपर लोहे का शेड है। राजधानी में भीषण गर्मी के बाद बृहस्पतिवार रात से बारिश होने लगी, जिससे लोगों को गर्मी से राहत मिली, लेकिन तड़के करीब पांच बजे मौत का शेड कैब चालकों पर कहर बरपा दिया।
दमकल विभाग के अधिकारियों ने बताया कि दिल्ली एयरपोर्ट के टर्मिनल-1 पर छत गिरने की जानकारी मिली। मौके पर तीन दमकल की गाड़ियां पहुंच गई। दमकल कर्मियों ने तुरंत बचाव कार्य शुरू किया। दमकल कर्मियों ने कैब को काटकर उसमें फंसे लोगों को बाहर निकाला। फिर पुलिस ने एंबुलेंस के जरिए सभी घायलों को अस्पताल पहुंचाया। वहीं, रमेश की कैब पर बड़ा सा बीम गिरा हुआ था। जिसे क्रेन से हटाया गया और फिर कार से उन्हें बाहर निकाला गया। उनकी मौत हो चुकी थी। पुलिस ने शव को एम्स अस्पताल के मोर्चरी में रखवा दिया। पुलिस अधिकारी ने बताया कि शव का शनिवार को पोस्टमार्टम करवाया जाएगा। अधिकारियों ने बताया कि शेड के अलावा सपोर्ट बीम भी गाड़ियों पर गिरा, जिससे हादसा भयावह हो गया।