सेक्टर-62 स्थित एक निजी अस्पताल में इलाज के दौरान विदेशी बैंक में अधिकारी युवती की मौत हो गई। मौत के पहले अस्पताल में दो दिन में दो ऑपरेशन किए गए। परिजनों का आरोप है कि इलाज में लापरवाही के चलते मौत हुई है। इस संबंध में परिजनों ने सेक्टर-58 थाने में लिखित शिकायत दी है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
पुलिस के अनुसार, कविता प्रधान (26) सेक्टर-19 में रह रही थी। वह रॉयल बैंक ऑफ स्कॉटलैंड की दिल्ली ब्रांच में सब्जेक्ट मैटर एक्सपर्ट के रूप में काम कर रही थी। बड़ी बहन मीनू प्रधान ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि लगातार उल्टियां होने और वजन कम होने से कविता को 4 दिसंबर को सेक्टर-62 के निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया। जांच में पता चला था कि उसकी आंत में दिक्कत है।
12 दिसंबर को ऑपरेशन किया गया। डॉक्टरों ने परिजनों को बताया कि ऑपरेशन ठीक हुआ है और वह खतरे से बाहर है, लेकिन ऑपरेशन के कुछ घंटे बाद ही उसके पेट में दर्द होने लगा। डॉक्टरों ने अल्ट्रासाउंड समेत दूसरे टेस्ट किए। डॉक्टरों ने उन्हें बताया कि यह सर्जरी के बाद कुछ और दिक्कतों के बारे में पता चला है।
ऐसे में एक और ऑपरेशन करना पड़ेगा। पहले ऑपरेशन के 36 घंटे बाद ही दूसरा ऑपरेशन किया गया, जो करीब पांच घंटे तक चला। इसके बाद डॉक्टरों ने बताया कि आंत से लीकेज हो रही थी, जिसे ऑपरेशन से ठीक कर दिया गया है। जल्द ही कविता की हालत में सुधार आ जाएगा, लेकिन मंगलवार सुबह कविता के भाई सुमित प्रधान को अस्पताल की तरफ से फोन करके बताया गया कि उसकी हालत बिगड़ गई है और उसे वेंटिलेटर पर रखा गया है। इसके बाद सुबह करीब साढ़े दस बजे उन्हें बताया गया कि कविता की हार्ट बीट अचानक से बंद हो गई है।