डीडीए हाउसिंग स्कीम 2014 की प्रतीक्षा सूची वालों के लिए खुशखबरी है। जल्द ही उन्हें उनका घर मिल सकेगा। उम्मीद है कि जितने भी प्रतीक्षा सूची वाले लोग हैं उन सब को इस बार फ्लैट मिल ही जाए, क्योंकि 9 अक्तूबर को होने वाले इस ड्रॉ में सूची के मुकाबले महज 35 प्रतिशत लोगों ने ही फ्लैट लेने में दिलचस्पी दिखाई है।
डीडीए हाउसिंग स्कीम विफल साबित हो रही है। जिन्हें फ्लैट मिला है वह धड़ाधड़ फ्लैट को लौटा रहे हैं, तो जिनका प्रतीक्षा सूची में नाम था वे भी ज्यादा दिलचस्पी फ्लैट में नहीं ले रहे हैं। प्रतीक्षा सूची के आवेदकों की सूची बनाने के लिए सामान्य ड्रॉ के साथ ही ड्रॉ के जरिये नामों को चिह्नित किया गया था। इसमें कुल 1259 नामों की सूची डीडीए ने तैयार की थी। सूत्रों का कहना है कि पिछले दिनों सूची में शामिल सिर्फ 35 प्रतिशत लोगों ने ही ड्रॉ में शामिल होने के लिए अपनी स्वीकृति दी है।
डीडीए अधिकारी के अनुसार 9 अक्तूबर को प्रतीक्षा सूची के आवेदकों के लिए ड्रॉ की प्रक्रिया पूरी की जाएगी। आवेदकों को इसके लिए आमंत्रित भी किया गया है। इस बार आवेदन कम होने के कारण ड्रॉ में अधिकतर आवेदकों के सफल रहने की संभावना है। महज 419 आवेदकों ने ही डीडीए को फ्लैट लेने के लिए रजिस्ट्रेशन मनी जमा की है। जबकि ड्रॉ से पूर्व प्रतीक्षा सूची में कुल 1252 लोगों को शामिल किया गया था।
बता दें कि योजना में शामिल फ्लैटों के सफल आवेदकों में से अब तक साढ़े आठ हजार से भी अधिक लोगों ने फ्लैटों को सरेंडर कर दिया है। इससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि डीडीए के फ्लैटों का क्रेज अब घट रहा है। पहले की तरह डीडीए भी मूलभूत आवश्यकताओं को ध्यान में रख कर फ्लैट का निर्माण नहीं कर रहा है। शहर से दूर होने व बिजली-पानी, सड़क, परिवहन की व्यवस्था नहीं होने के कारण लोग घरों को वापस कर रहे हैं।