सोहना क्षेत्र के गांव खेड़ला में एक महिला ने प्यार करने के बहाने पति को कुर्सी से बांधकर उसका गला ब्लेड से रेत डाला। उसे घायलावस्था में अस्पताल में भर्ती कराया गया है। पीड़ित के बयान पर पुलिस ने पत्नी के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
गांव खेड़ला निवासी आशीष ने थाना सोहना पुलिस को दी शिकायत में बताया कि शनिवार को उसे अपनी मां और मासी के साथ दिल्ली जाना था, लेकिन इस बीच उसकी पत्नी शालू ने उसे बहाने से घर पर ही रोक लिया।
इसके बाद उसने अलग तरीके से प्यार करने के बहाने कुर्सी पर बैठाकर उसके हाथ बांध दिए और संबंध बनाने की बात कहकर उसके गले को धोखे से ब्लेड से रेत दिया। इसके बाद वह यह कहकर घर से चली गई कि तू मर और मैं जा रही हूं। बाद में उसके ताऊ के लड़के ने आकर उसे बंधनमुक्त किया।
23 फरवरी को वह उसे मारने की कोशिश कर रही थी
प्रतीकात्मक तस्वीर
पीड़ित का आरोप है कि इससे पहले भी 23 फरवरी को वह उसे मारने की कोशिश कर रही थी, लेकिन असफल रही। उसने पुलिस से आरोपी पत्नी को कड़ी से कड़ी सजा देने की मांग की है।
उसे घायलावस्था में अस्पताल में भर्ती कराया गया है। जांच अधिकारी एएसआई सुरजी ने बताया कि पीड़ित के बयान दर्ज करने के बाद केस दर्ज कर लिया गया है। डॉक्टर के मुताबिक, उसकी हालत ठीक है।
उसके गले पर चोट का निशान है। उन्होंने बताया कि करीब ढाई वर्ष पहले शालू की शादी आशीष से और उसकी उसकी बड़ी बहन की शादी आशीष के बड़े भाई से हुई थी। बड़े भाई की पत्नी भी पिछले करीब 4-5 माह से झगड़े के चलते अपने मायके गई हुई है।
पिता के वादे पर हुई थी शादी
चाकू से हमला
एएसआई सुरजी ने बताया कि आशीष के स्वर्गीय पिता लेफ्टिनेंट नरेन्द्र व पलवल की कृष्णा कॉलोनी निवासी शालू के पिता दोनों फौज में थे। दोनों के बीच दोस्ती थी। इनकी शादी के पहले आशीष के पिता की मौत हो गई थी। शालू के पिता अपनी बेटियों का रिश्ता लेकर उनके यहां आए थे।
उन्होंने बताया था कि आशीष के पिता से उन्होंने अपनी बेटियों की शादियां उनके बेटों से करने का वादा किया था। जिसके बाद करीब ढाई साल पहले दोनों सगी बहनों की शादियां एक ही घर में दोनों सगे भाइयों के साथ कर दी गई थी।
बड़ी बहन को एक बेटा है, जबकि शालू के अभी कोई बच्चा नहीं है। घटना के बाद से खेड़ला में आशीष के घर पर ताला लटका है। उन्होंने बताया कि आपस में किस बात का झगड़ा है, इसका पता लगाने के लिए जांच की जा रही है।