मैदावास गांव के रहने वाले प्रापर्टी डीलर की हत्या के बाद इलाके में हड़कंप है। जिन भाईयों पर हत्या का आरोप है उन्हीं के पिता की 12 साल पहले धर्मबीर उल्लावास ने हत्या कर दी थी।उस हत्या की साजिश रचने का राज कुमार पर आरोप था।
पुलिस के अनुसार राजुकमार इस मामले में गिरफ्तार भी हुआ था। अदालत ने उसे बरी कर दिया था। एक ही गांव के रहने वाले दो परिवार के बीच प्रापर्टी का विवाद था। राजकुमार पर गैंगस्टर उल्लावास की मदद से हत्या कराने का आरोप है।
राजकुमार के पास लाइसेंसी रिवाल्वर भी थी मगर आरोपियों ने उसे चलाने का मौका ही नहीं दिया। पुलिस मौके पर मिले खोखे व खून के नमूने लेकर छानबीन कर रही है। पुलिस आयुक्त संदीप खिरवार ने आरोपियों को दबोचने के लिए तीन टीम लगा रखी है। पुलिस की छानबीन में हमलावरों की संख्या सात बतायी जा रही है।
रैकी के बाद वारदात को दिया गया अंजाम
पुलिस की छानबीन में सीन ऑफ क्राइम की टीम का मानना है पूरी रैकी के बाद वारदात को अंजाम दिया गया है। राजकुमार जिस तरह से सुरक्षा के घेरे में रहता था। उस हिसाब से उस पर कोई हमला ही नहीं कर सकता था। लाईसेंसी रिवाल्वर होने के साथ ही समय पर घर आता जाता है। जिन आरोपियों ने गोलियां चलाई प्रोफेशन बताए जा रहे हैं।
इसे भी जाने..
: 12 साल पहले मैदावास गांव के ब्रह्म की हुई थी हत्या।
: हत्या की साजिश रचने का राजकुमार पर था आरोप।
: राजकुमासे से बीते दस दिन तक संपर्क में रहने वालों का पुलिस खंगाल रही है कुंडली
: अपने करीबी का सुराग देने का हो सकता हाथ।
रंजिश के चलते प्रापर्टी डीलर की हत्या हुई है। पुलिस आरोपियों को दबोचने के लिए अलग-अलग ठिकानों पर छापेमारी कर रही है। जल्द ही उन्हें गिरफ्तार किया जाएगा।
अशोक बख्शी डीसीपी साउथ गुरुग्राम।