पुलिस ने नरेला इलाके में फिरौती देकर 11 वर्षीय बच्चे को छुड़ाने के मामले में महिला समेत पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इस गिरोह का मास्टरमाइंड कंपाउंडर है और वह फरार है।
पुलिस मास्टरमाइंड की तलाश में छापेमारी कर रही है। पीड़ित परिवार ने फिरौती देकर बच्चे को अपहरणकर्ताओं के चुंगल से मुक्त कराया था। बाहरी जिला डीसीपी विक्रमजीत ने बताया कि 11 वर्षीय बच्चे का नरेला के व्यस्ततम बाजार से छह अगस्त की रात आठ बजे स्विफ्ट कार सवारों ने समय अपहरण कर लिया था जब वह अपनी मां के साथ रिश्तेदार के घर जा रहा था।
अपहरणकर्ताओ ने अगले दिन फोन कर पीड़ित परिवार से बच्चे को छोड़ने की एवज में एक करोड़ की मांग की थी। 10 व 11 अगस्त की रात पीड़ित परिवार ने फिरौती की कुछ रकम देकर बच्चे को मुक्त करा लिया था। बच्चे के सकुशल मुक्त होने के बाद पुलिस ने बदमाशों की तलाश तेज की। बच्चे ने पुलिस को बताया कि अपहरणकर्ताओं ने उसे नशे का इंजेक्शन लगा दिया था।
पुलिस टीम ने सोनीपत आदि जगहों पर दबिश देकर पांच आरोपी पाना सिकन गढ़ी गली नहरी सोनीपत, हरियाणा निवासी नवीन दहिया (28), गांव लामपुर दिल्ली निवासी संदीप राणा (32), गांव जाखोडा जिला झज्जर निवासी कुलजीत उर्फ सोनू (28), गांव असवारपुर सोनीपत हरियाणा निवासी किशन उर्फ सेठजी (27) और किशन की पत्नी कविता को गिरफ्तार किया है।
इस गिरोह का मास्टरमाइंड कंपाउंडर पवन उर्फ कला उर्फ लंगड़ा है। उसने टीवी सीरियल क्राइम पेट्रोल व सावधान इंडिया देखकर अपहरण की साजिश रची थी। वह एक फार्मेसी स्टोर पर काम करता है। पुलिस फिरौती की रकम में से 4.07 लाख रुपये बरामद किए हैं। पुलिस ने वारदात में प्रयुक्त दो कार व तीन मोटरसाइकिल भी बरामद की है।