फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

दिग्गज नेताओं से ठगी करने वाला गिरफ्तार, केंद्र सरकार में मंत्री बनवाने का देता था झांसा 

Sun, 05 Jun 2016 12:33 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, नई दिल्ली
विज्ञापन
गिरफ्तार
विज्ञापन
अभी तक आपने आम जनता के साथ ठगी की वारदात सुनी होंगी, मगर दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने एक ऐसे जालसाज को गिरफ्तार किया है जो सिर्फ नेताओं के साथ ठगी करता था। वह नेताओं को राज्यसभा सदस्य, भारतीय जनता पार्टी में पद दिलाने और केन्द्रीय मंत्री बनवाने के नाम पर ठगी करता था। कई पीड़ित तो इस समय लोकसभा सदस्य भी हैं। 
विज्ञापन


आरोपी ने पुलिस पूछताछ में दावा किया है कि भाजपा समेत कई बड़े नेताओं के यहां उसकी अच्छी पैठ है। आरोपी के इस सनसनीखेज खुलासा को लेकर जांच की जा रही है। आरोपी से पूछताछ में ये खुलासा किया है कि उसने कुछ नेताओं का स्टिंग भी किया था और इस मामले में गिरफ्तार भी हुआ था।

स्पेशल सेल के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि आरोपी का नाम संजय तिवारी (32) है। संजय विहार गाजियाबाद, उत्तर प्रदेश का रहने वाला है। उस पर आरोप है कि उसने 40 से ज्यादा नेताओं के साथ ठगी की है। इनमें लोकल नेता व एमपी तक शामिल हैं। 
विज्ञापन
विज्ञापन

पूछताछ में खुला अच्छे नेताओं से संबंध का राज

arrest - फोटो : demo
स्पेशल सेल ने उसे सोमवार तक पुलिस रिमांड पर ले लिया है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार वह नेताओं को भाजपा कार्यालय और गृहमंत्रालय आदि जगहों से फोन करता था। इससे पीड़ित नेता आसानी से आरोपी पर विश्वास कर लेते थे।

वह भाजपा पार्टी में पद दिलाने व मंत्री बनाने के लिए नाम पर ठगी करता था। ये भी बताया जा रहा है कि आरोपी ठगी की एक वारदात के लिए सिम खरीदता था और ठगी करने के बाद सिम को तोड़कर फेंक देता था।

उसे सेल में तैनात इंस्पेक्टर ललित मोहन नेगी व हृदयभूषण की टीम ने गिरफ्तार किया है। सेल अधिकारियों के अनुसार अरुणाचल प्रदेश के पूर्व सांसद आरके खिरमई के साथ कुछ समय से फोन आ रहे थे। उन्हें भाजपा में पद दिलाने की बात कही गई थी और उन्हें दिल्ली बुलाया गया था। 

वह 12 अप्रैल को अशोक रोड स्थित भाजपा कार्यालय पहुंचे थे। जब उन्हें अमित शाह के कार्यालय में संपर्क किया तो पता लगा कि उन्हें दिल्ली नहीं बुलाया गया था। इस बाबत नई दिल्ली जिले के पार्लियामेंट थाने में मामला दर्ज किया गया था। दिल्ली पुलिस के आला अधिकारियों ने इस केस को स्पेशल सेल को ट्रांसफर कर दिया गया था। 
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें