नोएडा के थाना फेस-टू क्षेत्र में रविवार रात एक फील्ड सुपरवाइजर की चार गार्डों ने हत्या कर दी। हत्या की वजह एक सोसाइटी में प्रवेश करते समय सुपरवाइजर द्वारा रजिस्टर पर एंट्री न करना बताया जा रहा है। मामले में पुलिस ने दो आरोपी गार्डों को गिरफ्तार कर लिया है। जबकि दो गार्ड अभी भी फरार हैं।
पुलिस के मुताबिक महावीर पुत्र महेश सीएनसी कंपनी में फील्ड सुपरवाइजर के पद पर काम करता था। वह सूरजपुर थाना क्षेत्र के खोदनाखुर्द गांव में अपने परिवार के साथ रहता था। रविवार रात करीब 11:30 बजे वह गार्डों की चेकिंग के लिए निकला।
देर रात वह सेक्टर-92 स्थित ओमेक्स सोसाइटी के फ्लैट नंबर ए-138 पर लगे गार्डों को चेक करने पहुंचा। जैसे ही वह सोसाइटी के गेट पर पहुंचा, वहां दूसरी सुरक्षा कंपनी एसओएस के तैनात चार गार्डों ने उसे रोक लिया और रजिस्टर में एंट्री के बाद अंदर जाने की बात कही।
जबकि फील्ड सुपरवाइजर ने यह कहते हुए मना कर दिया कि वह सुपरवाइजर है और वह रोज गार्डों की चेकिंग करने आता है। इस पर गार्डों और सुपरवाइजर के बीच बहस हो गई। मामला यहीं नहीं रुका उन्होंने लाठी-डंडों से पीटकर और चाकू से चेहरे पर वार करके सुपरवाइजर की हत्या कर दी।
इसके बाद ओमेक्स सोसाइटी के लोगों ने देखा कि गेट पर लहूलुहान हालत में एक व्यक्ति पड़ा है और सभी सुरक्षाकर्मी फरार हैं। तो इसकी सूचना थाना फेस-टू पुलिस को दी।
बिना शिनाख्त पोस्टमार्टम को भेजा
पुलिस ने बिना शिनाख्त कराए आनन-फानन में पंचनामा भरकर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पोस्टमार्टम हाउस में तैनात कर्मियों ने जब शव की तलाशी ली, तो एक कंपनी का कार्ड मिला। कार्ड में दिए नंबर के आधार पर पुलिस ने कंपनी को सूचना दी। जबकि कंपनी ने घटना की जानकारी मृतक के परिजनों को दी।
भाई श्यामवीर ने मौके पर पहुंचकर शिनाख्त की। इसके बाद भाई ने सोसाइटी के गेट पर तैनात चार गार्ड राजेश निवासी जौनपुर, हरेंद्र निवासी नालंदा बिहार, गौरव निवासी गया, बिहार और फर्रखाबाद निवासी अजयपाल के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कराया है। पुलिस ने मामला दर्ज कर राजेश और गौरव को गिरफ्तार कर लिया।