गुड़गांव के सेक्टर नौ एरिया में सोमवार को दिनदहाड़े एक प्रॉपर्टी डीलर की गोली मारकर हत्या कर दी गई। डीलर का शव उसकी फॉर्च्यूनर गाड़ी की पिछली सीट पर मिला। पुलिस को गाड़ी से कारतूस भी बरामद हुए हैं।
पुलिस जांच में प्रॉपर्टी विवाद को लेकर हत्या की बात सामने आई है। पुलिस ने मृतक डीलर की पत्नी के बयान पर दो लोगों के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी है।
मृतक के हाथ में मिली गाड़ी की चाबी से यह भी अंदेशा जताया जा रहा है कि हत्या से पहले डीलर की गाड़ी में आरोपियों की बातचीत भी हुई है।
प्रॉपर्टी विवाद है वजह?
अशोक विहार फेज दो निवासी विरेंद्र कुंडू (40) सुबह अपने घर से फॉर्च्यूनर गाड़ी में सेक्टर नौ स्थित टेलर की दुकान के लिए निकला था। यहां पर टेलर को कपड़े लेने के बाद वापस आ गया। दोबारा जब वह घर से निकला तब दोपहर को उसके मर्डर की सूचना मिली।
दोपहर साढ़े 12 बजे पुलिस को सूचना मिली कि सेक्टर नौ स्थित पेट्रोल पंप के सामने फॉर्च्यूनर गाड़ी में पिछली सीट पर खून से लथपथ विरेंद्र का शव पड़ा हुआ है। सूचना के बाद एसीपी सिटी समेत पुलिस की टीम मौके पर पहुंची।
विरेंद्र के गले और जांघ पर गोली मारी गई थी। अंदेशा जताया जा रहा है कि हमलवारों ने डीलर से बातचीत के लिए पिछली सीट पर बुलाया, जहां उस पर हमला बोला गया।
डीलर के पास से मिले मोबाइल की कॉल डिटेल में आखिरी कॉल उसकी पत्नी अनीता को ही किया गया था। पुलिस ने अनीता के बयान पर सिटी थाना पुलिस ने सोनीपत के गांव नाहरी निवासी धर्मबीर और सोनीपत के गांव मदीना निवासी विजय के खिलाफ हत्या समेत विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया है। एसीपी सिटी रमेशपाल के अनुसार जांच में प्रॉपर्टी विवाद की बात सामने आई है।
गुत्थी सुलझने का दावा
डीलर की हत्या के मामले में देर शाम पुलिस को मिली जानकारी में हत्या की गुत्थी को काफी हद तक सुलझा लिया गया है। पुलिस के मुताबिक 1995 में देवेंद्र ने धर्मवीर से अशोक विहार में प्लॉट खरीदा था।
डीलर ने पेमेंट के बाद तीन लाख रुपये रजिस्ट्री कराने तक रख लिए थे। लेकिन जमीन का भाव बढ़ने के बाद धर्मवीर को लालच आ गया और उसने रजिस्ट्री नहीं कराई। इस मामले को लेकर दोनों के बीच कोर्ट में मामला चल रहा है।
इस मामले में पुलिस ने धर्मवीर, विजय के अलावा रामचंद्र उर्फ जुगनू व अन्य साथियों के खिलाफ हत्या समेत विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है। इस मामले में पुलिस की एफएसएल व फिंगर प्रिंट टीम भी तफ्तीश में जुटी हुई है। एसीपी सिटी के मुताबिक जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।