उत्तर प्रदेश के सीतापुर के रहने वाले एक परिवार को विदेश में नौकरी दिलाने का झांसा देकर दिल्ली बुलाया और फिर होटल में नशीला पदार्थ खिलाकर नकदी और जेवरात पर हाथ साफ कर दिया। होश में आने के बाद परिवार वालों ने पुलिस को घटना की जानकारी दी। पीड़ितों की शिकायत पर नबी करीम थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर आरोपी की तलाश में जुट गई है।
जानकारी के मुताबिक अभि लार्टियस (20) सपरिवार उच्चा टीला तरीनपुर, सीतापुर में सपरिवार रहता है। परिवार में उसके पिता रमेश लार्टियस, मां हिलदा और बहन निलोफर हैं। रमेश शिक्षक हैं, जबकि मां गृहणी है। पुलिस को दी शिकायत में अभि ने बताया कि उसकी मां ने एक सप्ताह पहले एक समाचार पत्र में जर्मनी में नौकरी दिलाने का विज्ञापन देखा। इसके बाद निलोफर को नौकरी दिलाने के लिए परिवार वालों ने विज्ञापन में दिए नंबर पर संपर्क किया। फोन उठाने वाले शख्स ने अपना नाम लोरिस गोम्स बताया और कहा कि वह जर्मनी का निवासी है। उसने परिवार को नौकरी की बात करने के लिए दिल्ली बुलाया।
बीते 21 अगस्त को अभि अपनी मां और बहन के साथ पहाड़गंज स्थित गेलॉड होटल पहुंचा। रिसेप्शन पर उसकी मुलाकात लोरिस से हुई, जिसने बताया कि वह इसी होटल में ठहरा हुआ है। अभि ने भी इसी होटल में एक कमरा किराए पर लिया। सभी कमरे में बात करने लगे। लोरिस अभि व उसके परिवार वालों के लिए खाना लेकर आया। लेकिन उसने खुद नहीं खाया। खाना खाने के कुछ देर बाद अभि, उसकी मां और बहन बेहोश हो गई। शाम करीब छह बजे होश आने पर उन लोगों ने पाया कि उनका मोबाइल फोन, सोने के दो कड़े, कानों की बालिया, दो सोने की अंगूठी और पांच हजार रुपये के साथ लोरिस गायब है। उन लोगों ने तुरंत घटना की जानकारी पुलिस को दी। सूचना मिलते ही पुलिस होटल पहुंची और पीड़ितों को इलाज के लिए लेडी हार्डिंग अस्पताल में भर्ती कराया। पुलिस ने होटल में छानबीन के दौरान पीड़ितों के खाने को जब्त कर उसे जांच के लिए भेज दिया है। होटल के सीसीटीवी कैमरे में आरोपी कैद हो गया है।