पुलिस के ढीले रवैये का पता इस बात से चल जाता है कि हादसे के दो दिन बीतने के बावजूद आरोपी चालक विनोद पुलिस की गिरफ्त से बाहर है। यह हाल तब है जब पुलिस के पास आरोपी और उसके परिवार की सारी जानकारी मौजूद है। विनोद दिल्ली के मयूर विहार फेज-3 का रहने वाला है और नोएडा सेक्टर-22 में जिम चलाता है।
उसका प्रॉपर्टी का भी बिजनेस है। बीएमडब्ल्यू कार फरीदाबाद निवासी उसकी भाभी नीतू के नाम रजिस्टर्ड है। वहीं, डीएसपी डॉ. अनूप सिंह ने कहना है कि आरोपी ने मोबाइल स्विच ऑफ कर लिया है। उसके रिश्तेदारों और दोस्तों से पूछताछ की जा रही है।
दिल्ली, फरीदाबाद और आसपास के अन्य शहरों में उसे पकड़ने के लिए पुलिस दबिश दे रही है। हालांकि, संबंधियों का कहना है कि वह सोमवार को कोर्ट में समर्पण करना चाहता है। उसके खिलाफ गैर इरादतन हत्या का मामला दर्ज किया जा चुका है। गुलफाम के परिजनों की शिकायत पर प्रकाश अस्पताल के खिलाफ कार्रवाई के लिए जिला प्रशासन गठित कमेटी करेगी।
हादसे में गंभीर रूप से घायल अनवर को परिजन शनिवार रात को छुट्टी कराकर निवास स्थान मुरादाबाद ले गए। सुमित्रा अस्पताल प्रशासन के मुताबिक, परिजन खुद उसके लेकर गए हैं। उसके सिर में चोट लगी थीं। उसका सीटी स्कैन किया गया था जो सामान्य था। हालांकि, उसकी हालत खतरे से बाहर है। अस्पताल के हड्डी रोग विशेषज्ञ डॉ. नरेश वार्ष्णेय ने बताया कि अनवर को परिजन घर ले गए हैं। वहीं, अन्य दोनों घायल जोगिंदर और प्रेम सिंह के पैर में फ्रैक्चर व अन्य जगहों पर चोट लगी हैं। दोनों ही हालत खतरे से बाहर है।