अदालत ने 12 साल की बच्ची से बलात्कार के आरोपी को बरी कर दिया है। पीड़िता अदालत में अपने बयान से मुकर गई। उसने एक रिश्तेदार के कहने पर झूठा आरोप लगाया था।
जानकारी के मुताबिक अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश संजय गर्ग ने दक्षिण-पश्चिम दिल्ली निवासी को राहत देते हुए कहा कि बच्ची के बयान के आधार पर जुलाई 2014 को मुकदमा शुरू हुआ था लेकिन सुनवाई के दौरान उसने पुलिस पक्ष का समर्थन नहीं किया।
ऐसे में ट्रायल जारी रखने का कोई औचित्य नहीं है। व्यक्ति बच्ची का पड़ोसी था और आरोप था कि उसने कई महीनों तक उसके साथ बलात्कार किया। बच्ची ने अदालत को बताया कि उसने अपनी एक रिश्तेदार के कहने पर पड़ोस में रहने वाले व्यक्ति पर झूठा आरोप लगाया था।
गौरतलब है कि प्राथमिकी दर्ज कराने से दो दिन पहले ही बच्ची की इस महिला रिश्तेदार की आरोपी व्यक्ति के साथ लड़ाई हुई थी। अदालत ने यह भी कहा कि चिकित्सकीय जांच में बच्ची के साथ किसी प्रकार के यौन उत्पीड़न की बात सामने नहीं आई है।