फरीदाबाद में न्यायिक दंडाधिकारी-प्रथम मोनिका खनगवाल की अदालत ने एक व्यक्ति को एक साल की कैद और 2500 रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। आरोपी ने लोगों से मोटे ब्याज सहित रकम लौटाने का झांसा देकर लाखों रुपये इकट्ठा कर लिये थे।
जब लोगों ने अपनी रकम मांगी तो आरोपी ने जान से मारने की धमकी देते हुए रकम वापस नहीं की। बुधवार को पेश मामले में अदालत ने गांव तिगांव निवासी वीर सेन उर्फ भारती को सजा सुनाई।
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उसके खिलाफ तिगांव में ही रहने वाले प्रेम चंद्र, उसके भाई राजेंद्र और प्रेम चंद्र के बेटे देवेंद्र ने 30 नवंबर 2006 को थाना छायंसा में मामला दर्ज कराया था। वीर सेन पर आरोप है कि उसने गांव में कई लोगों को 24 प्रतिशत ब्याज लौटाने का झांसा देकर उनसे लाखों रुपये इकट्ठा कर लिये।
शिकायतकर्ता प्रेम चंद्र, राजेंद्र और देवेंद्र से आरोपी ने कुल 1.71 लाख रुपये जमा कराए। आरोप है कि वीर सेन ने सभी इन लोगों को अंबेडकर बैंक नामक किसी बैंक की पास बुक भी दे रखी थी। आरोपी गांव के लोगों से एफडी और करंट एकाउंट के नाम पर पैसे जमा कराता था।