- छह महीने बाद दिखेगा मेडिकल स्टोरों पर असर, सीरप निर्माताओं को जारी किए निर्देश
संवाद न्यूज एजेंसी
गुरुग्राम। जिले में हाई अल्कोहल युक्त दवाओं की बिक्री पर स्वास्थ्य विभाग ने सख्ती शुरू कर दी है। अब 12 प्रतिशत से अधिक एथिल अल्कोहल और 30 मिली से अधिक मात्रा वाली दवा केवल पंजीकृत चिकित्सक की पर्ची पर ही बेची जा सकेगी। नए नियमों के पालन के लिए ड्रग कंट्रोलर विभाग ने 2,000 से अधिक मेडिकल स्टोर संचालकों को निर्देश जारी कर दिए हैं।
विभाग के अधिकारियों के अनुसार इन दवाओं की बिक्री और वितरण का पूरा रिकॉर्ड रखना मेडिकल स्टोर संचालकों के लिए अनिवार्य होगा। बिना वैध लाइसेंस और डॉक्टर के पर्चे के ऐसी दवाओं की बिक्री नियमों के खिलाफ है, जिस पर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
केंद्र सरकार ने किया नियमों में संशोधन
अधिकारियों ने बताया कि केंद्र सरकार की ओर से नियमों में संशोधन के बाद सबसे पहले दवा निर्माताओं को नए प्रावधानों के अनुरूप उत्पादन और आपूर्ति के निर्देश दिए गए हैं। बाजार में पहले से उपलब्ध स्टॉक को देखते हुए नए नियमों का प्रभाव मेडिकल स्टोरों पर करीब छह महीने बाद पूरी तरह दिखाई देगा।
ड्रग कंट्रोलर विभाग का कहना है कि संक्रमण काल समाप्त होने के बाद विशेष निरीक्षण अभियान चलाया जाएगा। यदि छह महीने बाद भी किसी मेडिकल स्टोर पर हाई अल्कोहल वाले सीरप बिना डॉक्टर के प्रिस्क्रिप्शन के बेचे जाते पाए गए तो संबंधित संचालक के खिलाफ ड्रग्स व कॉस्मेटिक्स एक्ट के तहत कार्रवाई की जाएगी।
विभाग का उद्देश्य हाई अल्कोहल युक्त दवाओं के दुरुपयोग पर रोक लगाना और इनकी बिक्री को अधिक पारदर्शी व नियंत्रित बनाना है। अधिकारियों ने सभी मेडिकल स्टोर संचालकों से नए नियमों का कड़ाई से पालन करने और प्रत्येक बिक्री का रिकॉर्ड सुरक्षित रखने की अपील की है।
वर्जन
केंद्र सरकार के नियमों में संशोधन के बाद सबसे पहले हाई अल्कोहल युक्त सीरप बनाने वाली दवा कंपनियों को नए प्रावधानों के अनुरूप उत्पादन और आपूर्ति के निर्देश जारी किए गए हैं। उसके बाद मेडिकल स्टोरों को छह महीने का समय दिया जाएगा। -
गुरुचरण सिंह, ड्रग कंट्रोलर अधिकारी, गुरुग्राम