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पड़तालः 2 डिग्री तापमान पर रखे जाएंगे कोरोना के टीके, दिल्ली में खास तैयारियां

Sat, 05 Dec 2020 05:29 AM IST
दुष्यंत शर्मा परीक्षित निर्भय, नई दिल्ली

सार

  • दिल्ली का सबसे बड़ा टीका केंद्र बनेगा पूर्वी दिल्ली में
  • एक ही क्षेत्र में चार से पांच शिविर लगाने की तैयारी
  • कोरोना का टीका सुरक्षित रखने के लिए फ्रिजर पर काम कर रही सरकार
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सांकेतिक तस्वीर... - फोटो : PTI
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विस्तार
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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कुछ सप्ताह में कोरोना के टीके आने के संकेत दे दिए हैं, ऐसे में देश की राजधानी में टीकाकरण के लिए खास तैयारियां भी शुरू हो चुकी हैं। दिल्ली में 40 से 50 लाख लोगों को मिलने वाले टीके को सुरक्षित रखने की खास तैयारी की गई है। इसकी तैयारियां भी तेजी से चल रही हैं।

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दिल्ली का सबसे बड़ा टीकाकरण केंद्र पूर्वी दिल्ली में बनाया जा रहा है। ताहिरपुर स्थित राजीव गांधी सुपर स्पेशलिटी अस्पताल में अलग से भंडारण की व्यवस्था हो रही है। जानकारी के मुताबिक कोरोना वायरस का टीका 2 डिग्री तापमान पर सुरक्षित रखा जा सकता है। एक बार में लाखों डोज सुरक्षित रखने के लिए दिल्ली सरकार फ्रिजर को लेकर काम कर रही है। यह एक अलग तरह के फ्रिजर हैं जिसमें कई महीनों या साल तक टीका को सुरक्षित रखा जा सकता है। अभी तक ऐसे फ्रिज विज्ञान मंत्रालय के फरीदाबाद स्थित ट्रांसलेशन हेल्थ साइंस एंड टेक्नोलॉजी इंस्टिट्यूट में रखे हुए हैं।  

राजीव गांधी सुपर स्पेशलिटी अस्पताल के निदेशक डॉ. बीएल शेरवाल का कहना है कि अस्पताल परिसर में ही एक निश्चित क्षेत्र को टीका भंडारण के लिए इस्तेमाल किया जाएगा। फिलहाल फ्रिजर इत्यादि को लेकर काम चल रहा है। उन्हें पूरी उम्मीद है कि अगले सप्ताह तक टीका भंडारण का काम पूरा होगा। केंद्र से टीका मिलने के बाद यही से दिल्ली के विभिन्न केंद्रों तक टीका उपलब्ध कराया जा सकेगा। टीका को लाने ले जाने के लिए अलग से फ्रिजरयुक्त ट्रकों का इंतजाम भी किया जाएगा। 
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एक ही क्षेत्र में पांच शिविर लगाने की तैयारी
जानकारी के अनुसार पूर्वी दिल्ली में एक ही क्षेत्र में कम से कम पांच शिविर लगाए जा सकेंगे जहां कोरोना वायरस का टीकाकरण होगा। जीटीबी, स्वामी दयानंद अस्पता दिल्ली स्टेट कैंसर इंस्टिट्यूट और राजीव गांधी अस्पताल आसपास होने के चलते यहां शिविर लगेंगे। वहीं इसी तरह के तीन से अधिक शिविर मौलाना आजाद मेडिकल कॉलेज, जीबी पंत, लोकनायक अस्पताल, गुरु नानक नेत्र चिकित्सालय के परिसर में लग सक तेक हैं। हालांकि इतनी तादाद में शिविर लगाने की आवश्यकता तभी होगी जब केंद्र की ओर से दिल्ली के प्रत्येक नागरिक को टीका उपलब्ध कराया जाएगा। 

ऐसे होगा टीका भंडारण
डॉ. शेरवाल ने बताया कि अस्पताल में एकयूटिलिटी ब्लॉक है जिसमें अभी फ्लूग्रस्त रोगियों की जांच चल रही थी। अब इस जांच को दूसरे परिसर में ले जाया गया है और यूटिलिटी ब्लॉक को भंडारण के लिए आरक्षित करते हुए तैयारियों को शुरू किया है। इस ब्लॉक के भू और प्रथम तल में टीका वितरण को लेकर कार्यालय इत्यादि होंगे। जबकि तीसरे तल पर फ्रिजर इत्यादि। तीनों फ्लोर मिलाकर करीब 7 से 8 हजार वर्गमीटर होगा। 

दोबारा सिरिंज का नहीं कर पाएंगे इस्तेमाल
स्वास्थ्य विभाग के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि कोरोना वायरस के टीकाकरण के लिए देश में पहली बार एक खास किस्म की सिरिंज तैयार की जा रही है। इस सिरिंज को दूसरी बार में इस्तेमाल नहीं किया जा सकेगा। अगर कोई व्यक्ति चाहेगा तो भी नहीं, क्योंकि इस सिरिंज में एक बार टीका की डोज लेने के बाद उसकी मात्रा को कम या अधिक करने के लिए सिरिंज का मूवमेंट नहीं किया जा सकता है। सिर्फ एक ही बार सिरिंज को आगे या पीछे खींच डोज के लिए तैयार किया जा सकता है। सिरिंज के लिए भी राजीव गांधी अस्पताल में अलग से एक कमरा निश्चित किया है जिसमें मौजूद कर्मचारियों को पीपीई किट में रहना होगा। साथ ही पूरी दीवारों को एक मोटी पॉलीथीन के साथ कवर किया जा रहा है। 

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