वरिष्ठ प्रवक्ता डॉ. नरेश कुमार ने कहा, पीएम उदय योजना में बदलाव से बढ़ेगा आम लोगों पर बोझ
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। प्रदेश कांग्रेस के वरिष्ठ प्रवक्ता डॉ. नरेश कुमार ने केंद्र और दिल्ली सरकार की पीएम उदय योजना पर सवाल उठाते हुए इसे पूरी तरह विफल और जनता को उलझाने वाली नीति करार दिया है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार जहां है, जैसा है के आधार पर अनधिकृत कॉलोनियों को नियमित करने के बजाय अब केवल प्लॉट नियमित करने की दिशा में बढ़ रही है, जिससे लोगों पर अतिरिक्त बोझ पड़ेगा। डॉ. नरेश कुमार ने इस मुद्दे पर मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता को ज्ञापन सौंपा है, जिसकी प्रति उपराज्यपाल तरनजीत सिंह संधू को भी भेजी गई है। उन्होंने कहा कि करीब सात साल पहले शुरू की गई पीएम उदस योजना से अब तक मात्र 40 हजार लोग ही जुड़ पाए हैं, जो इसकी सीमित सफलता को दर्शाता है। उन्होंने आरोप लगाया कि पहले इस योजना का उद्देश्य अनधिकृत कॉलोनियों को जैसे हैं वैसे आधार पर नियमित करना था, लेकिन अब सरकार इसे बदलकर केवल प्लॉट स्तर पर लागू करना चाहती है। इसके साथ ही कई जटिल शर्तें और भारी शुल्क जोड़े जा रहे हैं, जिससे आम लोगों के लिए प्रक्रिया और मुश्किल हो जाएगी।
कांग्रेस प्रवक्ता ने एक आरटीआई का हवाला देते हुए कहा कि योजना में शामिल 1511 कॉलोनियों में से 567 कॉलोनियां पहले ही 1977 में तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी की सरकार ने नियमित की थीं। ऐसे में पहले से नियमित कॉलोनियों को दोबारा शामिल करने के पीछे सरकार की मंशा पर सवाल उठते हैं। उन्होंने मांग की कि सरकार 1993 की नीति की तर्ज पर सभी कॉलोनियों को बिना शर्त और बिना शुल्क के नियमित करे।