गुड़गांव में केंद्रीय परिवार नियोजन एवं कल्याण विभाग शहर पर ध्यान नहीं दे रहा है। परिवार नियोजन के लिए जरूरी कंडोम की आपूर्ति साइबर सिटी में बहुत कम है। इस बात की तस्दीक आंकड़े करते हैं। गुड़गांव जैसे बड़े शहर के लिए महज 15 हजार कंडोम पूरे साल के लिए केंद्र सरकार द्वारा दिए जाते हैं।
जिस अनुपात में गुड़गांव में मुफ्त कंडोम की मांग है। उतनी आपूर्ति नहीं हो पाती है। शहर में प्रवासी मजदूर और गरीब-मध्यम तबके के लिए कंडोम पीएचसी और सीएचसी पर तैनात हेल्थ वर्कर के जरिए पहचान कर घर-घर दी जा रही है।
सिविल सर्जन डॉ. पुष्पा बिशभनोई के मुताबिक लोगों में जागरूकता की वजह से गर्भ-निरोधक चीजों की मांग में इजाफा हुआ है। मुफ्त कंडोम का कोटा बढ़ाने की जरूरत है। वेंडिग मशीन बजट नहीं होने से बंद कर दी गई है। 2013 में केंद्रीय परिवार नियोजन विभाग ने इसे उच्च रिस्क वाले क्षेत्र से निकाल दिया।