इस मामले पर सोमवार को समाचार एजेंसी एएनआई के पॉडकास्ट में बातचीत के दौरान सीएम योगी आदित्यनाथ का बयान सामने आया है। उन्होंने चर्चित सीमा-सचिन मामले को लेकर किए गए सवाल के जवाब में कहा, यह दो देशों से जुड़ा मामला है। संबंधित जांच एजेंसियां इस पर गहनता से अपना काम कर रही हैं और उनकी ओर से जो रिपोर्ट मिलेगी उसी के आधार पर आगे विचार होगा।
सीमा ने सचिन की पत्नी बताकर भारतीय नागरिकता मांगी
21 जुलाई को सुप्रीम कोर्ट के वकील एपी सिंह ने सीमा की ओर से राष्ट्रपति के नाम दया याचिका दी थी। इसमें भी सीमा के सचिन के प्यार व भारतीय संस्कृति से प्रभावित होकर हिंदू धर्म अपनाने का हवाला दिया गया है। याचिका में उसे पाकिस्तान नहीं भेजने और सचिन की पत्नी बताकर भारतीय नागरिकता की मांग की गई है।
शक है तो जांच करा लीजिए
एपी सिंह का कहना है कि सीमा का अपने पूर्व पति गुलाम हैदर से तलाक हो चुका है। उसने सचिन मीणा संग प्रेम विवाह किया है। सीमा भारतीय संस्कृति से प्यार करती है। अगर उसे पाकिस्तान भेजा गया तो उसकी वहां उसकी जान को खतरा हो सकता है। अगर कोई शंका है तो एजेंसियों को जांच कर लेनी चाहिए।
एजेंसियां चाहें तो पॉलीग्राफ और ब्रेन मैपिंग जैसे टेस्ट भी करा सकती हैं। लोग उसके बच्चों पर शक कर रहे हैं, तो उनका डीएन करा लेना चाहिए। लेकिन पूर्व में अन्य विदेशियों को जिस तरह नागरिकता दी गई है, सीमा को सचिन की पत्नी होने के नाते नागरिकता देनी चाहिए।
नेपाल के रास्ते पाकिस्तान से भारत आ गई थी सीमा
पाकिस्तान के कराची निवासी सीमा हैदर और रबूपुरा के सचिन मीणा के बीच पबजी गेम खेलने के दौरान जान-पहचान हुई थी। वीडियो कॉलिंग के जरिये नजदीकियां बढ़ने के बाद सीमा 13 मई नेपाल के रास्ते पाकिस्तान से भारत आ गई थी।
चार बच्चों संग रबूपुरा पहुंची सीमा आंबेडकर नगर में किराये पर मकान लेकर सचिन के साथ रहने लगी। मामले की भनक पुलिस को लगते ही सीमा चार बच्चों और सचिन के साथ फरार हो गई। पुलिस टीम ने सभी को हरियाणा के बल्लभगढ़ से पकड़ा था।