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Delhi Assembly : 'उन्हें देश की प्रगति से नहीं, राजनीति से प्रेम', ऑपरेशन सिंदूर को लेकर CM का विपक्ष पर हमला

Tue, 05 Aug 2025 05:56 AM IST
विजय पुंडीर अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली

सार

मुख्यमंत्री ने कहा कि ऑपरेशन सिंदूर उन सभी आंसुओं का उत्तर था जो हमारी बहनों की आंखों से निकले। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एक संवेदनशील भाई, साहसी पिता और राष्ट्रनायक की भूमिका निभा रहे हैं।
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दिल्ली विधानसभा (फाइल फोटो) - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने विधानसभा के मानसून सत्र में ऑपरेशन सिंदूर और ऑपरेशन महादेव को लेकर भारतीय सेना के शौर्य को नमन किया। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के निर्णायक नेतृत्व की सराहना करते हुए विपक्ष पर तीखा हमला भी बोला।

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मुख्यमंत्री ने कहा कि यह सैन्य अभियान मात्र रणनीतिक नहीं बल्कि हर भारतीय परिवार के सम्मान और स्वाभिमान का प्रतीक था। उन्होंने कांग्रेस पर भी तीखा हमला बोला और वर्षों पहले युद्ध के दौरान कांग्रेस की सरकारों की ओर से लिए गए निर्णयों पर सवाल उठाया। मुख्यमंत्री ने कहा कि ऑपरेशन सिंदूर उन सभी आंसुओं का उत्तर था जो हमारी बहनों की आंखों से निकले। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एक संवेदनशील भाई, साहसी पिता और राष्ट्रनायक की भूमिका निभा रहे हैं।

मुख्यमंत्री ने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि वे देशहित से दूर होते जा रहे हैं। उन्हें देश की प्रगति से नहीं बल्कि अपनी राजनीति से प्रेम है। बिना नाम लिए कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी के बयान पर कटाक्ष करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि कुछ नेता मंचों पर संवेदनाओं का नाटक करते हैं वहीं संसद में देश की सेना और सरकार पर सवाल उठाते हैं जिन्हें अपने प्रधानमंत्री और सेनाओं पर भरोसा नहीं वे हमेशा विदेशी आकाओं के पांव छूते दिखते हैं।
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वहीं, समाजवादी पार्टी की सांसद जया बच्चन पर सीधा कटाक्ष करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि जो लोग वर्षों तक ग्लैमर और रोल में खोए रहे आज वे सेना के रोल पर सवाल उठा रहे हैं, क्या उनके लिए देश की बेटियों की इज्जत से बड़ा कोई मंच हो सकता है। मुख्यमंत्री ने 1965, 1971, कारगिल युद्ध और कश्मीर से कश्मीरी पंडितों के पलायन जैसे ऐतिहासिक विषयों को उठाते हुए पूर्ववर्ती सरकारों की निर्णयहीनता और दबाव की राजनीति पर गंभीर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि जब देश ने युद्ध जीता तब नेताओं ने उसे बातचीत की टेबल पर हार में बदल दिया। आज जब भारत निर्णायक नेतृत्व में आत्मनिर्भर और साहसी कदम उठा रहा है, तब उसे नीचा दिखाने की कोशिश की जा रही है।
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