भाजपा छोड़ चुके पूर्व केंद्रीय वित्त मंत्री यशवंत सिन्हा ने पीएम मोदी का नाम लिए बगैर कहा कि देश की राजनीति बदल रही है। सबसे बड़ा बदलाव कुछ नेताओं की झूठ बोलने की आदत से आया है। देश की जनता अब झूठ को बर्दाश्त करने के लिए तैयार नहीं है। देश के सर्वोच्च पद पर बैठा व्यक्ति देश के हालात को जानते हुए भी जानबूझकर झूठ बोल रहा है। ऐसा इतिहास में कभी नहीं हुआ।
सच कहना अगर बगावत तो हम बागी: शत्रुघ्न सिन्हा
भाजपा सांसद शत्रुघ्न सिन्हा ने केजरीवाल के साथ मंच साझा करते हुए अपनी ही पार्टी के खिलाफ मोर्चा खोल दिया। उन्होंने कहा कि ‘न मेरे पास 56 इंच का सीना है और न ही मैं मन की बात करता हूं। मैं तो सिर्फ अपने दिल्ली की बात कहता हूं’।
जनता पूछती है आप भाजपा की खिलाफत क्यों करते हैं तो मैं जवाब देता हूं भले ही भारतीय जनता पार्टी में हूं लेकिन उससे पहले मैं भारत की जनता का हूं। मैं जानता हूं पार्टी से पहले देश होता है। मोदी सरकार ने काला धन वापस लाने का दावा किया था।
नोटबंदी की गई तो 99.9 प्रतिशत पैसा बैंकों में वापस आ गया है, लेकिन काला धन कहां गया। जीएसटी से व्यापारी बर्बाद हो रहे हैं। साल के 365 दिनों 357 बदलाव जीएसटी में किए जा चुके हैं। डॉलर के मुकाबले रुपया आईसीयू में पहुंच गया है। उन्होंने कहा कि सच कहना अगर बगावत है तो समझो हम भी बागी हैं।
मुख्यमंत्री केजरीवाल ने कहा कि उत्तर प्रदेश को चार राज्यों में बांटने की मांग जनता कर रही है। जन अधिकार पदयात्रा के दौरान लोगों की भावना सामने आई है। इसलिए आम आदमी पार्टी उत्तर प्रदेश को अवध, बुंदेलखंड, पूर्वांचल और पश्चिमी उत्तर प्रदेश को अलग-अलग राज्य का दर्जा देने की मांग का समर्थन करती है।
दिल्ली में उलझे, इसलिए राफेल को भूले
मुख्यमंत्री केजरीवाल ने कहा कि राफेल घोटाले के आरोप से केंद्र सरकार घिर रही है। मैं दिल्ली में उलझा हुआ था, इसलिए इस पर ध्यान नहीं दे पाया। लेकिन अब जब पता किया तो लगता है विमान खरीद के नाम पर बड़ा घोटाला हुआ है। जिस विमान की कीमत 540 करोड़ रुपये थी वो सरकार आज 1670 करोड़ रुपये में खरीद रही है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस और भाजपा दोनों ही घोटालेबाज पार्टियां हैं।
संयुक्त राष्ट्र संघ ने भी की तारीफ
पदयात्रा कर नोएडा पहुंचे आप नेता संजय सिंह ने कहा कि योगी सरकार ने उत्तर प्रदेश को रोगी बना दिया है। बिगड़ती कानून व्यवस्था से प्रदेश में जंगलराज कायम हो गया है। पिछले दिनों संयुक्त राष्ट्र संघ के प्रतिनिधियों ने दिल्ली का दौरा किया तो मोहल्ला क्लिनिक देखकर काफी तारीफ की, लेकिन केंद्र सरकार अब दिल्ली सरकार की इस योजना में बाधा बन रही है। उन्होंने केंद्र की मोदी सरकार पर जुमलों की सरकार होने का आरोप लगाया।