फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Delhi NCR News: मुख्यमंत्री उड़नदस्ता की नूंह में दो हॉट मिक्स प्लांटों पर छापेमारी, एक पर मिलीं कई अनियमितताएं

विज्ञापन
विज्ञापन
फोटो- अनियमितताएं पाए जाने पर कार्रवाई करती विभाग की टीम
विज्ञापन


संवाद न्यूज एजेंसी
नूंह। मुख्यमंत्री उड़नदस्ता रेवाड़ी की टीम ने बुधवार को गांव घासेड़ा के निकट संचालित दो हॉट मिक्स (रोड़ी मिक्सर) प्लांटों पर औचक निरीक्षण किया। कार्रवाई के दौरान एक प्लांट पर कई गंभीर अनियमितताएं सामने आईं, जबकि दूसरे प्लांट में प्रदूषण, बिजली और डीटीपी विभाग से संबंधित कोई अनियमितता नहीं मिली। हालांकि दोनों प्लांटों पर बड़ी मात्रा में मौजूद रोड़ी और डस्ट के बिल एवं रसीद उपलब्ध नहीं होने पर संबंधित विभागों ने नोटिस जारी कर नियमानुसार कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर दी है। कार्रवाई का नेतृत्व उप पुलिस अधीक्षक (गुप्तचर विभाग) शाकिर हुसैन ने किया। उनके साथ मुख्यमंत्री उड़नदस्ता रेवाड़ी के प्रभारी निरीक्षक दीन दयाल सहित प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड, बिजली विभाग, डीटीपी, खनन विभाग और सेल्स टैक्स (जीएसटी) विभाग के अधिकारी मौजूद रहे। टीम ने दोनों प्लांटों के दस्तावेज, लाइसेंस, स्टॉक और विभागीय अनुमतियों की गहन जांच की।

- चरखी इन्फ्राटेक प्रा. लि. में मिलीं कई खामियां
निरीक्षण के दौरान चरखी इन्फ्राटेक प्रा. लि. हॉट मिक्स प्लांट में कई अनियमितताएं सामने आईं। मौके पर फर्म का नाम और पंजीकरण संख्या प्रदर्शित करने वाला बोर्ड नहीं मिला। स्टॉक रजिस्टर उपलब्ध नहीं कराया गया और तैयार माल की बिक्री या निकासी का कोई बिल अथवा रिकॉर्ड भी नहीं मिला।
विज्ञापन


जांच में सामने आया कि फर्म का पंजीकरण चरखी दादरी में है, जबकि जिला नूंह में उसका पंजीकरण नहीं मिला। प्लांट पर लगभग 30 टन बिटुमिन तथा 2,507 मीट्रिक टन रोड़ी एवं डस्ट मौजूद मिली, लेकिन इनके खरीद संबंधी बिल या रसीद प्रस्तुत नहीं की जा सकी।

इसके अलावा प्लांट के पास प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की सीटीई और सीटीओ की अनुमति भी नहीं पाई गई। वहीं बिजली विभाग का वैध बिजली कनेक्शन भी मौके पर नहीं मिला। संबंधित विभागों ने फर्म को नोटिस जारी कर नियमानुसार कार्रवाई करने की बात कही है।

- हिमालयन इन्फ्राटेक में बिल नहीं मिले
दूसरे निरीक्षण में हिमालयन इन्फ्राटेक प्रा. लि. हॉट मिक्स प्लांट पर प्रदूषण, डीटीपी और बिजली विभाग से संबंधित कोई अनियमितता नहीं मिली। हालांकि यहां भी करीब 4,244 मीट्रिक टन रोड़ी एवं डस्ट का स्टॉक मिला, जिसके बिल और रसीद मौके पर प्रस्तुत नहीं किए जा सके।
विज्ञापन


अधिकारियों ने बताया कि संबंधित रिकॉर्ड की जांच के बाद आवश्यक कार्रवाई की जाएगी और फर्म को नोटिस जारी करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।

- विभाग करेंगे आगे की कार्रवाई
मुख्यमंत्री उड़नदस्ता की इस कार्रवाई के बाद संबंधित विभाग अब दस्तावेजों और रिकॉर्ड की विस्तृत जांच करेंगे। यदि जांच में नियमों का उल्लंघन साबित होता है तो संबंधित फर्मों के खिलाफ नियमानुसार जुर्माना, नोटिस और अन्य कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें