देश का सबसे बड़ा नोएडा एयरपोर्ट अब आठ रनवे का होगा। शुक्रवार को समीक्षा बैठक में आए मुख्यमंत्री ने दो और रनवे बढ़ाने पर सहमति दे दी है। इसके लिए जमीन भी उपलब्ध है। पहले चरण में दो रनवे के साथ एयरपोर्ट शुरू होगा, जबकि चार रनवे का टीईएफआर (टेक्निकल इकोनॉमिकल फिजिबिलिटी रिपोर्ट) बनने का काम शुरू हो गया है।
बैठक में बताया गया कि दो रनवे के साथ एयरपोर्ट शुरू होगा। चार रनवे का टीईएफआर पीडब्ल्यूसी कंपनी बना रही है। प्रस्तावित एयरपोर्ट के पास जमीन पर्याप्त है। इसलिए दो और रनवे का काम भी साथ-साथ चल सकता है।
इस पर मुख्यमंत्री ने सहमति दे दी है। सीएम ने कहा कि आठ रनवे का एयरपोर्ट बनाएं। अब नियाल के अधिकारी इसका प्रस्ताव भेजेंगे और शासन से हरी झंडी मिल जाएगी। उसके बाद टीईएफआर में दो और रनवे जोड़ दिए जाएंगे।
अब यह एयरपोर्ट आठ रनवे का होगा। गौरतलब है कि नोएडा एयरपोर्ट के टेंडर निकाल दिया गया है। जमीन अधिग्रहण की प्रक्रिया चल रही है। जनवरी 2020 तक कंपनी का चयन कर निर्माण शुरू कराने का लक्ष्य है। अब तक 7 से अधिक देशी-विदेशी कंपनियों ने नियाल से संपर्क साधा है।