-सीबीएसई ने 22 अप्रैल से 6 मई 2026 तक डाटा जमा करने और उसे फ्रीज करने का समय दिया है
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) ने वर्ष 2026 की बोर्ड परीक्षाओं से जुड़े परीक्षा केंद्रों और परीक्षा से जुड़े लोगों को अंतिम भुगतान जारी करने के लिए एक नया इंटीग्रेटेड पेमेंट सिस्टम (आईपीएस) लॉन्च कर दिया है।
सीबीएसई की ओर से इस संबंध में परिपत्र संबद्ध स्कूलों को भेजा गया है। इसमें बोर्ड ने कहा है कि इस बार परीक्षा से जुड़े मानदेय, यात्रा भत्ता, जलपान और अन्य खर्चों की दरों में संशोधन किया गया है। इन्हीं संशोधित दरों को ध्यान में रखते हुए आईपीएस 2026 पोर्टल तैयार किया गया है। यह पोर्टल कक्षा 10 के परिणाम घोषित होने के तुरंत बाद शुरू कर दिया गया है ताकि भुगतान प्रक्रिया में देरी न हो।
ऐसे में बोर्ड ने सभी संबद्ध स्कूलों को पोर्टल पर 22 अप्रैल से 6 मई तक डाटा जमा करने और उसे फ्रीज करने का समय दिया है। यदि किसी कारण से भुगतान विफल होता है, तो स्कूलों को 8 मई से 15 मई के बीच दोबारा फ्रीज करने का अवसर मिलेगा।
बोर्ड ने स्कूल प्रधानाचार्यों को निर्देश दिया है कि वे स्वयं डाटा की जांच करें और बैंक विवरण सही ढंग से भरें, जिससे कि भविष्य में किसी प्रकार की असुविधा न हो। इस पहल से भुगतान प्रक्रिया अधिक पारदर्शी और तेज होगी।