स्वामी का स्टाफ मुझ पर दबाव बनता रहता था
प्राथमिकी में कहा गया है कि आरोपी शाम को 6.30 बजे क्लास खत्म होने के बाद वह उसे अपने ऑफिस में बुलाता और परेशान करता। वह कहता था- तुम बहुत टैलेंटेड हो और तुम्हे दुबई ले जाकर पढ़ाऊंगा और पढ़ाई का पूरा खर्च उठाऊंगा। मैं ये बिल्कुल नहीं चाहती थी, लेकिन उसका स्टाफ मुझ पर दबाव बनता रहता था।
अच्छे होटल में रुकवाने की करता था बातें
स्वामी ने मेरा मोबाइल फोन छीन लिया और मुझे हॉस्टल में अकेले रहने पर मजबूर किया। मुझे किसी से बात नहीं करनी दी जाती थी। वह कमरे में लगे फोन पर रात में कॉल करता था। उसकी मेरे ऊपर गिद्ध की तरह नजर थी। आरोपी रात में डिनर और अच्छे होटलों में रुकवाने की बातें करता था। छात्रा ने कहा था कि मैं बहुत डरी हुई थी। कई बार बाबा ने मुझे गलत तरीके से टच करने की कोशिश की, वहां कैमरे भी लगे हुए थे।
मथुरा चलने की बात सुन मैं हॉस्टल छोड़कर भागी
बाबा ने मुझे कहा- तुम्हे मेरे साथ मथुरा चलना है, लेकिन मैं नहीं गई और बिना किसी को बताए हॉस्टल में अपना पूरा सामान छोड़कर भाग निकली। मैंने क्लास छोड़ दी, लेकिन बाबा ने मेरा पीछा नहीं छोड़ा। उससे जुड़ी छात्राएं मेरे पास आईं और वापस चलने का दबाव बनाने लगीं। बाबा ने उन्हें मेरा फोन नंबर और पता दिया था, लेकिन मेरे पिता ने सभी को भगा दिया।
छापेमाारी की जा रही है
यौन शोषण का आरोपी बाबा चैतन्यानंद सरस्वती देश छोड़कर ना भाग जाए इसके लिए दिल्ली पुलिस ने लुकआउट सर्कुलर जारी किया है। चैतन्यानंद सरस्वती की तलाश में दिल्ली, हरियाणा, उत्तर प्रदेश, राजस्थान, उत्तराखंड और बिहार में छापेमारी जारी है, लेकिन शानिवार शाम तक वह पुलिस के हत्थे नहीं चढ़ा है।